
Jhansi Trader Robbery Case: झांसी में गल्ला व्यापारी पर गोली चलाकर लूट की कोशिश के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाली साजिश का खुलासा किया है. पुलिस के मुताबिक व्यापारी की रेकी कोई बाहरी बदमाश नहीं, बल्कि उसी के यहां पल्लेदारी करने वाला शिवम कर रहा था. शिवम ने अपने कर्ज में डूबे दोस्त सुरेंद्र को व्यापारी को लूटने का आइडिया दिया. इसके बाद सुरेंद्र ने अपने साले और चचेरे साले को साथ लेकर वारदात की योजना बनाई. 12 अगस्त को व्यापारी पर हमला हुआ, जबकि करीब चार दिन बाद पुलिस ने मुठभेड़ के बाद चारों आरोपियों को पकड़ लिया.
पल्लेदार ने दिया सेठ को लूटने का आइडिया
मामला नवाबाद थाना क्षेत्र की कैलाश रेजीडेंसी में रहने वाले गल्ला व्यापारी प्रशांत गुप्ता से जुड़ा है. उनका काम भोजला मंडी से जुड़ा है. पुलिस के मुताबिक, शिवम कुशवाहा उनके यहां पल्लेदारी करता था और उसे व्यापारी के आने-जाने की पूरी जानकारी रहती थी. शिवम के दोस्त सुरेंद्र कुशवाहा पर लाखों रुपये का कर्ज था और वह उसे चुकाने के लिए परेशान था. पुलिस के अनुसार, बातचीत के दौरान शिवम ने सुरेंद्र से कहा, ‘मेरे सेठ के पास रोज पैसा रहता है, अगर उसे लूट लो तो तुम्हारा काम चल सकता है.’ इसके बाद दोनों ने मिलकर साजिश रची.
साले और चचेरे साले को भी किया शामिल
पुलिस के मुताबिक सुरेंद्र ने इस योजना में अपने सगे और चचेरे साले आकाश और प्रद्युम्न को शामिल कर लिया. इस तरह चार लोगों ने व्यापारी को निशाना बनाने की तैयारी की. 12 अगस्त को शिवम व्यापारी के साथ मंडी से नहीं निकला, बल्कि भोजला मंडी में ही उसकी निगरानी करता रहा. जैसे ही प्रशांत गुप्ता ने काम खत्म किया और स्कूटी से घर के लिए निकले, शिवम ने अपने साथियों को उनकी लोकेशन भेज दी.



