BusinessIndia

स्कोडा ऑटो इंडिया ने बिक्री का बनाया नया रिकॉर्ड, एच1 2026 में 38,894 गाड़ियां बिकीं

मुंबई। भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में अपनी धाक जमाते हुए स्कोडा ऑटो इंडिया ने वर्ष 2026 के पहले छह महीनों में ऐतिहासिक प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी ने वर्ष 2025 में हासिल किए गए अपने अब तक के सबसे सफल अर्धवार्षिक आंकड़ों को पीछे छोड़ते हुए विकास की एक नई गाथा लिखी है। जनवरी से जून 2026 की अवधि के दौरान स्कोडा ने कुल 38,894 वाहनों की बिक्री की है, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के मुकाबले 7.5 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि को दर्शाती है। यह सफलता न केवल ब्रांड की बढ़ती लोकप्रियता का प्रमाण है, बल्कि भारतीय बाजार में स्कोडा के प्रति ग्राहकों के अटूट भरोसे को भी उजागर करती है।

स्कोडा ऑटो इंडिया ने बिक्री का बनाया नया रिकॉर्ड, एच1 2026 में 38,894 गाड़ियां बिकीं

इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर प्रकाश डालते हुए स्कोडा ऑटो इंडिया के ब्रांड डायरेक्टर आशीष गुप्ता ने बताया कि यह रिकॉर्ड बिक्री कंपनी की उत्पादकेंद्रित रणनीति और ग्राहकों को प्राथमिकता देने वाले दृष्टिकोण का सीधा परिणाम है। उन्होंने विशेष रूप से नई कुशाक, अपडेटेड कोडियाक और नई कोडियाक आरएस को मिली अभूतपूर्व प्रतिक्रिया का उल्लेख किया। कोडियाक आरएस की बाजार में मांग का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि लॉन्च के महज छह मिनट के भीतर ही यह मॉडल पूरी तरह बिक गया। इसके साथ ही कायलैक की निरंतर मांग और स्लाविया द्वारा सेडान सेगमेंट में अपनी विरासत को मजबूती से बनाए रखना इस विकास यात्रा के प्रमुख स्तंभ रहे हैं।

ब्रांड केवल बिक्री के आंकड़ों तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि उसने अपनी पहुंच और सेवाओं का भी तेजी से विस्तार किया है। देशभर में 340 से अधिक टचपॉइंट्स स्थापित कर स्कोडा ने अपनी सुलभता को बढ़ाया है। वहीं, हाल ही में शुरू की गई ‘स्कोडा एक्सप्रेस केयर’ सेवा ग्राहकों को पारदर्शिता और निश्चिंतता प्रदान करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

स्कोडा की इंजीनियरिंग उत्कृष्टता और गति के प्रति समर्पण उसके हालिया मोटरस्पोर्ट कारनामों में भी स्पष्ट रूप से दिखाई देता है। ब्रांड ने ‘द फास्टेस्ट मल्टीकार रिले ऑफ अ सिंगल मैन्युफैक्चरर ऑन अ सर्किट’ के माध्यम से इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स और एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया है। स्लाविया मॉन्टे कार्लो, कुशाक मॉन्टे कार्लो, कायलैक, कोडियाक और ऑक्टाविया आरएस के बेड़े ने कोयंबटूर के कोएएसटीटी ट्रैक पर मात्र 12 मिनट 30.97 सेकंड में अपनी गति का लोहा मनवाया। ‘ग्रेटेस्ट ऑन अ ट्रैक इज़ अ स्कोडा ऑन अ ट्रैक’ अभियान के साथ कंपनी ने न केवल अपनी इंजीनियरिंग क्षमता को प्रदर्शित किया है, बल्कि भविष्य के विकास के लिए एक उच्च मानक भी स्थापित किया है। यह प्रदर्शन स्कोडा की उस प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसके दम पर ब्रांड भारतीय ऑटोमोबाइल क्षेत्र में अपनी सफलता की नई ऊंचाइयों को छूने के लिए निरंतर अग्रसर है।

contact.satyareport@gmail.com

Leave a Reply