Thane News: महाराष्ट्र के ठाणे जिले स्थित डोंबिवली के मोथागांव इलाके से एक अजीबोगरीब और सनसनीखेज मामला सामने आया है. मामूली विवाद में अपने ही घनिष्ठ मित्र की पीटपीटकर हत्या करने वाले 24 वर्षीय युवक प्रभु करकडे ने वारदात के 20 दिन बाद खुद विष्णु नगर पुलिस स्टेशन जाकर सरेंडर कर दिया. आरोपी ने पुलिस पूछताछ में जो वजह बताई, उसे सुनकर खाकी भी हैरान रह गई. आरोपी ने बताया कि हत्या के बाद से हर रात उसका मृत मित्र पल्लव उर्फ विशाल कदम उसके सपनों में आकर उसे डराता था. डर और पछतावे के कारण वह सो नहीं पा रहा था, जिसके चलते उसने पुलिस के सामने अपना जुर्म कबूल कर लिया.

डोम्बिवली के मोथागांव इलाके में घरेलू नौकर का काम करने वाला प्रभु करकडे और उसका 43 वर्षीय दोस्त पल्लव उर्फ विशाल मधुकर कदम साथ बैठकर शराब पी रहे थे. शराब के नशे में दोनों के बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस हो गई. गुस्से में आकर प्रभु ने विशाल के पैर और शरीर पर जोरजोर से लातें मारीं, जिससे गंभीर चोट लगने के कारण विशाल की मौके पर ही मौत हो गई.
मकान मालिक संग मिलकर बैग में भरा शव, सुनसान सड़क पर फेंका
अपने दोस्त को मृत देखकर प्रभु घबरा गया. उसने तुरंत अपने किराए के मकान के मालिक संदेश म्हात्रे को बुलाया. दोनों ने मिलकर विशाल के शव को एक बड़े बैग में भरा और रात के अंधेरे में कॉपर लिंक रोड स्थित सुनसान घास वाली झाड़ियों में फेंक दिया, ताकि हत्या की बात किसी को पता न चले.
20 रातों तक सपनों में आया ‘भूत’, आधे घंटे भी नहीं सो पाया कातिल
शव ठिकाने लगाने के बाद प्रभु को लगा कि वह बच निकला है, लेकिन घटना के अगले दिन से ही उसे डरावने सपने आने लगे. लगातार 20 दिनों तक मृत विशाल उसके सपनों में आकर उसे डराता रहा. खौफ और मानसिक तनाव के कारण प्रभु आधे घंटे भी नहीं सो पाता था. अंततः डर से टूटकर वह खुद विष्णु नगर पुलिस स्टेशन पहुंचा और पूरा सच उगल दिया.
पुलिस ने दोनों आरोपियों को दबोचा, कल्याण कोर्ट ने 4 दिन की कस्टडी में भेजा
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर कॉपर लिंक रोड के पास से विशाल कदम का सड़ागला शव बरामद कर लिया है. विष्णु नगर पुलिस ने मुख्य आरोपी प्रभु करकडे और सबूत मिटाने में मदद करने वाले मकान मालिक संदेश म्हात्रे दोनों को गिरफ्तार कर लिया. दोनों को कल्याण अदालत में पेश किया गया, जहां से कोर्ट ने उन्हें 4 दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया है.



