Crime

सुहागरात के सपने चकनाचूर! दूल्हे ने कर डाला ऐसा कांड, शादी तो दूर की बात… अब जेल में कटेगी रात

Satya Report: Ghazipur News: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है जिसने खुशियों भरे माहौल को मातम और पुलिसिया कार्रवाई में बदल दिया. यहां एक दूल्हे को जनरेटर न मिलना इतना नागवार गुजरा कि उसने टेंट संचालक के बेटे पर अपनी लाइसेंसी पिस्टल से गोली चला दी. जिस दूल्हे के हाथों में हल्दी लगनी थी और जिसे 20 अप्रैल को बारात लेकर निकलना था, वह अब सलाखों के पीछे पहुंच गया है.

सुहागरात के सपने चकनाचूर! दूल्हे ने कर डाला ऐसा कांड, शादी तो दूर की बात… अब जेल में कटेगी रात
सुहागरात के सपने चकनाचूर! दूल्हे ने कर डाला ऐसा कांड, शादी तो दूर की बात… अब जेल में कटेगी रात

मामला जमानिया तहसील के देवढि गांव का है. यहां रहने वाले वीर बहादुर की शादी आगामी 20 अप्रैल को बिहार के कैमूर जनपद स्थित मां मुंडेश्वरी मंदिर में होनी तय थी. शादी की तैयारियों के बीच 17 अप्रैल की शाम वीर बहादुर को जनरेटर की जरूरत पड़ी. वो गांव के ही टेंट व्यवसायी इमामुद्दीन के पास पहुंचा.

बताया जा रहा है कि वीर बहादुर पर पहले का कुछ पैसा बकाया था, जिसके चलते इमामुद्दीन ने उसे जनरेटर देने से साफ मना कर दिया. यह बात दूल्हे को अपनी तौहीन लगी और उसने गाली-गलौज शुरू कर दी.

पिस्तौल लहराई और चला दी गोली

विवाद बढ़ते देख इमामुद्दीन का पुत्र दिलनवाज बीच-बचाव करने पहुंचा. इसी बीच गुस्से में आपा खो चुके वीर बहादुर ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाली और फायर कर दिया. गोली दिलनवाज के हाथ में जा लगी और वह वहीं गिर पड़ा. वारदात को अंजाम देकर आरोपी दूल्हा अपनी बाइक मौके पर ही छोड़कर फरार हो गया. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी वीर बहादुर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. शनिवार को उसकी हल्दी की रस्म होनी थी, लेकिन घर में मंगल गीतों के बजाय सन्नाटा पसरा रहा.

मां

मेडिकल कॉलेज में लापरवाही और हंगामा

गोलीबारी के बाद घायल दिलनवाज के परिजन उसे लेकर रात करीब 2 बजे गाजीपुर मेडिकल कॉलेज पहुंचे. परिजनों का आरोप है कि अगले दिन दोपहर 12 बजे तक डॉक्टरों ने इलाज के नाम पर उन्हें यहां-वहां टहलाया. जब दिलनवाज की मां ने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया, तब जाकर प्रशासन जागा और आनन-फानन में युवक को बेहतर इलाज के लिए वाराणसी (BHU) ट्रामा सेंटर रेफर किया गया. .

निरस्त होगा असलहे का लाइसेंस

जानकारी के मुताबिक, वीर बहादुर के पिता की हत्या के बाद जिला प्रशासन ने उसकी सुरक्षा के लिए उसे असलहे का लाइसेंस जारी किया था. लेकिन अपनी ही शादी से पहले इस हिंसक कृत्य ने उसे अपराधी बना दिया. अब जिला प्रशासन उसके शस्त्र लाइसेंस को निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू कर रहा है.

contact.satyareport@gmail.com

Leave a Reply