मोगा भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव एवं राज्यसभा सांसद तरुण चुघ ने पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवादियों की गोलियों का शिकार हुए 25 राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ स्वयंसेवकों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि आरएसएस ने सदैव पंजाब और पंजाबियत की भावना को सशक्त किया है।

उस स्थान पर आयोजित स्वयंसेवकों के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए, जहाँ हुए नरसंहार में 25 स्वयंसेवक शहीद हुए थे और 30 गंभीर रूप से घायल हुए थे, चुघ ने उन स्वयंसेवकों को नमन किया जिन्होंने गोलियों और जान के खतरे के बावजूद कभी भी पंजाबियत और राष्ट्रीय गौरव की भावना को नहीं छोड़ा।
उन्होंने कहा कि यह मानवता के विरुद्ध एक जघन्य अपराध था, जब निहत्थे और निर्दोष लोगों को उस समय गोलियों से भून दिया गया, जब वे प्रातःकाल पंजाब की पावन धरती पर राष्ट्र की मंगलकामना के लिए प्रार्थना कर रहे थे। चुघ ने चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद पंजाब में सौहार्द, शांति और सामाजिक समरसता बनाए रखने में RSS के योगदान की सराहना करते हुएv कहा कि पंजाब की एकता, अखंडता और पंजाबियत की भावना को सुदृढ़ करने में RSS के बलिदान और योगदान को देश सदैव सम्मान के साथ याद रखेगा। आज पंजाब, मोगा में 25 जून 1989 के कायराना आतंकी हमले में बलिदान देने वाले अमर स्वयंसेवकों के परिजनों से भेंट करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
अपने प्रियजनों के बलिदान के बाद भी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रति उनका अटूट विश्वास, समर्पण और संगठन के संस्कारों के प्रति उनकी निष्ठा हम अभी के लिए अत्यंत प्रेरणादायक है। उनका जीवन हमें यह संदेश देता है कि राष्ट्रसेवा का संकल्प किसी भी विपरीत परिस्थिति में डगमगाता नहीं। चुग ने अमर बलिदानियों को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शाहिद और तपस्वी परिवारों को शतशत नमन किया और कहा कि पंजाब की शांति, प्रगति, भाईचारे और राष्ट्र निर्माण में RSS की अग्रणी भूमिका हम सभी के लिए प्रेरणास्रोत है।
चुग ने कहा कि 25 जून 1989 के उस महान बलिदान को न हम भूले हैं, न भूलेंगे,न ही भुलाने देंगे,और न ही उसे कभी भुलाया जा सकता है।पंजाबी भाईचारे की मजबूती ही हमारी शक्ति है और इसे किसी भी कीमत पर कमजोर नहीं होने देंगे।मोगा स्थित शहीदी पार्क में आयोजित श्रद्धांजलि समारोह के प्रारम्भ में संघ के वरिष्ठ प्रचारक द्वारा ओजस्वी एवं भावपूर्ण बौद्धिक प्रस्तुत किया गया, जिसमें 25 जून 1989 की उस हृदयविदारक घटना एवं उसके समूचे घटनाक्रम का मार्मिक चित्रण किया गया। उपस्थित सभी जनों ने अत्यंत गंभीरता एवं श्रद्धा के साथ बौद्धिक का श्रवण किया।
इस अवसर पर संघ एवं सामाजिक जीवन से जुड़े अनेक गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही, जिनमें प्रमुख रूप से संघ के प्रमुख अधिकारी श्री रामगोपाल, श्री अनिल बंसल, श्री हरजोत कमल, श्री विजय कौशिक, श्री अभिषेक जिंदल, श्री राहुल गर्ग, श्री उमाकांत, श्री देव प्रिया, श्री ज्वाला प्रसाद, श्री रामपाल जी, श्री संजीव अग्रवाल, श्री राकेश गुप्ता, श्री विरेंद्र सिंगला, श्री मोहन लाल सेठी, श्री गौरव बंसल, श्री ब्राइट अरोड़ा, श्री राजीव शर्मा ‘डिंपी’, श्री सनेश सूरी, श्री गौरव भाटिया, श्री वरुण अरोड़ा, श्री रणदीप दयोल एवं श्री अमन थापर उपस्थित रहे पूरा वातावरण देशभक्तिपूर्ण एवं भावपूर्ण था भारत माता की जय , वन्देमातरम और मोगा शाखा के शहीद अमर रहे के ओजस्वी नारे लगा रहे थे कार्यक्रम में 1989 शाहिद परिवारों भी शामिल हुए।



