
दिल को सेहतमंद रखना केवल सही खान-पान तक सीमित नहीं है, बल्कि आपकी रोजमर्रा की आदतें भी इसमें अहम भूमिका निभाती हैं। अक्सर लोग अनजाने में ऐसी गलतियां कर बैठते हैं, जो धीरे-धीरे दिल की सेहत को नुकसान पहुंचा सकती हैं। कार्डियोलॉजिस्ट के अनुसार अगर आप समय रहते अपने लाइफस्टाइल में सुधार कर लें और कुछ सेहत को नुकसान पहुंचाने वाली आदतों से दूरी बना लें, तो दिल की बीमारियों के जोखिम को काफी हद तक कम कर सकते हैं।
इंस्टाग्राम पोस्ट में बोर्ड-सर्टिफाइड कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. निकोल हार्किन ने दिल को हेल्दी रखने के लिए ऐसी 5 चीजें बताई हैं जिन्हें किसी को भी अपने लाइफस्टाइल में जगह नहीं देना चाहिए। उन्होंने बताया दिल को हेल्दी रखने के लिए डाइट और लाइफस्टाइल में छोटे छोटे बदलाव असरदार साबित होते हैं। आइए एक्सपर्ट की वीडियो से जानते हैं कि कि कौन-कौन सी 5 आदते हैं जिन्हें दिल को हेल्दी रखने के लिए बदलना जरूरी है।
स्मोकिंग और वेपिंग दिल के लिए खतरा
cdc.gov में छपी खबर के मुताबिक सिगरेट का धुआं रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचाता है और धमनियों में प्लाक (वसा का जमाव) बनने की प्रक्रिया को बढ़ावा देता है। निकोटीन दिल की धड़कन और ब्लड प्रेशर बढ़ा सकता है और ब्लड वैसल्स को संकुचित कर सकता है और खून के थक्के बनने की प्रवृत्ति बढ़ा सकता है। इससे हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बढ़ता है। cdc की रिपोर्ट के मुताबिक वेपिंग को भी पूरी तरह सुरक्षित नहीं माना जा सकता। ई-सिगरेट के एरोसोल में मौजूद कुछ रसायन ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस और सूजन बढ़ा सकते हैं तथा रक्त वाहिकाओं के सामान्य कामकाज को प्रभावित कर सकते हैं। निकोटीन वाले वेपिंग प्रोडक्ट्स ब्लड प्रेशर और हार्ट रेट बढ़ाकर दिल पर अतिरिक्त दबाव डाल सकते हैं इसलिए सिगरेट और वेपिंग से परहेज करना जरूरी है।
प्रोसेस्ड मीट दिल के लिए क्यों चिंता की बात है?
American Heart Association के मुताबिक सॉसेज, बेकन, सलामी, हॉट डॉग जैसे प्रोसेस्ड मीट में सोडियम और सैचुरेटेड फैट की मात्रा अधिक हो सकती है। इन फूड्स का अधिक सेवन करने से हाई ब्लड प्रेशर, खराब कोलेस्ट्रॉल और दूसरे कार्डियो मेटाबोलिक जोखिम बढ़ते हैं। इसी वजह से अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन हार्ट हेल्दी डाइट में प्रोसेस्ड मीट का सेवन कम करने की सलाह देता है।
सीने में दर्द को नहीं करें नजरअंदाज?
अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन (AHA) और अमेरिकन कॉलेज ऑफ कार्डियोलॉजी (ACC) समेत अन्य विशेषज्ञ संस्थाओं की 2021 की ‘Guideline for the Evaluation and Diagnosis of Chest Pain’ के मुताबिक, सीने में दर्द, दबाव, जकड़न या असहजता को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। यह दर्द सिर्फ सीने तक सीमित नहीं हो सकता, बल्कि कंधे, बांह, गर्दन, पीठ, ऊपरी पेट या जबड़े में भी महसूस हो सकता है। सांस फूलना और थकान भी इसके साथ हो सकते हैं।
हार्ट डिजीज की फैमिली हिस्ट्री है तो सतर्क रहें
अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन (AHA) के मुताबिक अगर माता-पिता, भाई-बहन या दादा-दादी को कम उम्र में हार्ट डिजीज या स्ट्रोक हुआ है, तो व्यक्ति में हृदय रोग का जोखिम अधिक हो सकता है। इसका कारण केवल लाइफस्टाइल नहीं, बल्कि जेनेटिक प्रवृत्ति भी हो सकती है। पारिवारिक इतिहास होने का मतलब यह नहीं कि व्यक्ति को हार्ट अटैक जरूर होगा, लेकिन यह एक महत्वपूर्ण risk signal है। ऐसे लोगों को अपने परिवार का मेडिकल इतिहास जानना और डॉक्टर के साथ ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल, ब्लड शुगर आदि की नियमित जांच कराना जरूरी है।
अच्छी नींद है दिल की जरूरत
American Heart Association के मुताबिक नींद के दौरान शरीर को रिकवरी का समय मिलता है। लगातार कम या खराब गुणवत्ता वाली नींद का संबंध हाई ब्लड प्रेशर, खराब मेटाबॉलिक हेल्थ, मोटापा, सूजन और दिल के रोग जैसे जोखिम कारकों से पाया गया है। अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन के अनुसार अधिकांश वयस्कों को औसतन 7–9 घंटे की नींद का लक्ष्य रखना चाहिए। यानी दिल की सुरक्षा सिर्फ खाने और एक्सरसाइज तक सीमित नहीं है है बल्कि आपको स्मोकिंग से दूरी, बेहतर डाइट, पर्याप्त नींद, अपने जोखिमों की जानकारी और चेतावनी संकेतों को समय पर पहचानना भी जरूरी है।
डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के उद्देश्य से है और इसे चिकित्सीय सलाह का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए। सीने में दर्द, दबाव, जकड़न, सांस फूलना, चक्कर या अत्यधिक कमजोरी जैसे लक्षणों को नजरअंदाज न करें। ऐसे लक्षण अचानक या गंभीर रूप से दिखाई देने पर तुरंत चिकित्सकीय सहायता लें।



