ईरान युद्ध को लेकर डेमोक्रेटिक सांसदों ने सीनेट में ट्रंप के 1.15 ट्रिलियन डॉलर के वार्षिक रक्षा विधेयक को रोक दिया।

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ईरान युद्ध को लेकर अपने देश में घिरते जा रहे हैं। विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के सांसदों ने मंगलवार को ईरान युद्ध के प्रति निराशा व्यक्त करते हुए संसद के ऊपरी सदन सीनेट में 1.15 ट्रिलियन डॉलर के वार्षिक रक्षा नीति बिल को रोक दिया।
डेमोक्रेट्स ने कांग्रेस की स्वीकृति के बिना युद्ध छेड़ने और अमेरिकी सैनिकों को युद्ध क्षेत्र में भेजने पर आपत्ति जताई।
न्यूयॉर्क के सीनेटर और सीनेट में डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता चक शूमर ने कहा, ‘ट्रंप ने यह युद्ध बगैर स्वीकृति, बिना किसी रणनीति और उससे निकलने की योजना के बिना शुरू किया।’
सीनेट में अपने संबोधन में उन्होंने यह एलान किया कि वे इसके खिलाफ मतदान करेंगे। सालाना रक्षा बिल राष्ट्रीय रक्षा प्राधिकरण अधिनियम सदन में पारित नहीं हो सका। हालांकि मतदान की प्रक्रिया में इस बिल के पक्ष में ज्यादा वोट पड़े, लेकिन 100 सदस्यीय सीनेट में बिल को आगे बढ़ने के लिए जरूरी 60 वोट नहीं मिल पाए।
सदन में सभी डेमोक्रेट्स ने पार्टी लाइन के अनुसार मतदान किया, जबकि जान थ्यून को छोड़कर ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी के भी सभी सदस्यों ने पक्ष में वोटिंग की। साउथ डकोटा से रिपब्लिकन सीनेटर थ्यून ने बिल के खिलाफ मतदान किया।
डेमोक्रेट्स को इस बात की है चिंता
यह पहले से माना जा रहा था कि बिल के आगे बढ़ने की राह आसान नहीं है, क्योंकि डेमोक्रेट्स को इस बात की चिंता है कि अगर पेंटागन के इस बजट को स्वीकृति दे दी जाती है तो उसे ईरान के खिलाफ युद्ध की मंजूरी के तौर पर देखा जाएगा।
28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमलों से इस युद्ध की शुरुआत हुई थी। रक्षा बजट की राह में अड़ंगा ऐसे समय लगा है, जब पश्चिम एशिया में युद्ध फिर शुरू हो गया है। ट्रंप प्रशासन ने ईरानी बंदरगाहों की नाकेबंदी दोबारा करने के साथ ही फिर से हमले शुरू किए हैं।



