
प्रतापगढ़, उत्तर प्रदेश: जिले के संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के प्रतापपुर चेरागढ़ गांव में एक युवक की हत्या के मामले ने परिवार के रिश्तों को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस के मुताबिक, परिवार की एक महिला से कथित अवैध संबंध के शक में दो सगे भाइयों ने अपने एक दोस्त के साथ मिलकर छोटे भाई की हत्या कर दी। वारदात के बाद शव को बोरे में बांधकर गंगा एक्सप्रेसवे के निर्माण के दौरान खोदे गए गड्ढे में फेंक दिया गया। सात दिन बाद पुलिस ने शव बरामद कर तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया है।
खेत देखने निकला था युवक, फिर नहीं लौटा
पुलिस के अनुसार, 24 वर्षीय बृजेंद्र सिंह 27 अक्टूबर की रात खेत देखने के लिए घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। अगले दिन 28 अक्टूबर को उसके भाई वीरेंद्र सिंह ने संग्रामगढ़ थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।
परिजनों ने पुलिस को बताया कि घर से निकलने के बाद रात करीब 10:20 बजे बृजेंद्र की फोन पर बात हुई थी। उस समय उसने अपने दोस्त शिवेंद्र के साथ होने की जानकारी दी थी। इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया और परिवार के लोग उसकी तलाश में जुट गए।
दोस्त से पूछताछ में सामने आया हत्या का मामला
जांच के दौरान पुलिस ने गांव के ही नीरज को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक, शुरुआत में उसने घटना से जुड़ी जानकारी छिपाई, लेकिन सख्ती से पूछताछ करने पर उसने बृजेंद्र की हत्या में शामिल होने की बात स्वीकार की।
आरोप है कि इस वारदात में बृजेंद्र के सगे भाई वीरेंद्र और दिलीप भी शामिल थे। पुलिस ने सर्विलांस की मदद से मोबाइल की लोकेशन और कॉल डिटेल खंगाली। इसके बाद दोनों भाइयों को भी हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई।
बोरे में बंधा मिला शव, हाथ-पैर भी थे बंधे
पुलिस के मुताबिक, सोमवार देर शाम तीनों संदिग्धों की निशानदेही पर घर से करीब 200 मीटर दूर पानी से भरे लगभग 12 फीट गहरे गड्ढे से बृजेंद्र का शव बरामद किया गया। शव बोरे में बंद था और उसे वजनदार वस्तु से बांधा गया था। मृतक के हाथ-पैर भी बंधे हुए थे।
बताया गया कि यह गड्ढा गंगा एक्सप्रेसवे के निर्माण कार्य के दौरान खोदा गया था। शव मिलने के बाद पुलिस और अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया।
अवैध संबंध और अन्य पहलुओं की जांच
पुलिस की शुरुआती जांच में परिवार की एक महिला से कथित अवैध संबंध का शक हत्या की वजह बताया जा रहा है। हालांकि, पुलिस भूमि विवाद सहित अन्य संभावित कारणों की भी पड़ताल कर रही है।
सीओ लालगंज राजीव द्विवेदी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस अधीक्षक दीपक भूकर के अनुसार, तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। हत्या की वास्तविक वजह स्पष्ट करने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों का इंतजार है।
फिलहाल पुलिस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही घटना से जुड़े सभी तथ्यों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
Satya Report: यह खबर पुलिस की शुरुआती जानकारी और उपलब्ध रिपोर्टों पर आधारित है। आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद होगी।



