Telangana News: उच्च शिक्षा का इस्तेमाल अगर समाज को सही दिशा देने के बजाय ठगी और अपराध के लिए किया जाए, तो अंजाम कितना खौफनाक हो सकता है, इसकी बानगी तेलंगाना से सामने आई है. मंचरियाल जिले में खुद को ज्योतिष, वास्तुशास्त्र और ताबीज का विशेषज्ञ बताने वाले एक ढोंगी बाबा का असली चेहरा बेनकाब हो गया है. आरोपी ने बीमारी ठीक करने और विशेष पूजा के नाम पर एक 13 वर्षीय नाबालिग लड़की के साथ पूजा कक्ष में दुर्व्यवहार किया. घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता के परिजनों के आक्रोश के बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर पोक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जेल भेज दिया है.

आरोपी की पहचान मंचरियाल जिले के लक्सेट्टीपेट नगरपालिका स्थित गोदावरी रोड निवासी पेंडेम सतीश के रूप में हुई है. सतीश ने बीएससी की पढ़ाई की है और उसके पास ज्योतिष शास्त्र में डिप्लोमा भी है. अपनी इसी शिक्षा का गलत फायदा उठाकर उसने लोगों के बीच खुद को भूतप्रेत भगाने, बीमारियों का इलाज करने और वास्तु दोष दूर करने वाले बाबा के रूप में प्रचारित कर रखा था. वो, भोलेभाले लोगों की कमजोरियों का फायदा उठाकर उनसे बड़ी रकम वसूलता था और ताबीज बांधकर इलाज का दावा करता था.
पिता को सामान लेने भेजा और पूजा कक्ष में की बदसलूकी
मामला तब सामने आया जब जगतियाल जिले के धर्मपुरी का एक परिवार अपनी 13 वर्षीय बीमार बेटी के इलाज के लिए सतीश के पास पहुंचा. 8 तारीख को पहली बार आने पर सतीश ने नींबू से पूजा की और ताबीज बांधकर बच्ची को भेज दिया. लेकिन जब बच्ची की तबीयत में कोई सुधार नहीं हुआ, तो परिजन दोबारा उसके पास पहुंचे.
इस बार आरोपी ने दावा किया कि बच्ची पर बड़ा साया है और ‘विशेष पूजा’ करनी होगी. वह बच्ची को अकेले पूजा कक्ष में ले गया और उसके पिता को पूजा की सामग्री लाने के लिए बाहर भेज दिया. पिता के बाहर जाते ही आरोपी सतीश ने मासूम के साथ दुर्व्यवहार किया. पिता के वापस लौटने पर बच्ची रोते हुए बाहर भागी. घर पहुंचकर जब बच्ची ने आपबीती सुनाई, तो परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा.
सुरक्षा के लिए बना था यूट्यूब पत्रकार, पोक्सो एक्ट में कार्रवाई
घटना की जानकारी मिलते ही आक्रोशित परिजनों और रिश्तेदारों ने आरोपी के अड्डे पर धावा बोल दिया. सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने सतीश को हिरासत में लिया. प्राथमिक जांच में नाबालिग से दुर्व्यवहार की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने पेंडेम सतीश के खिलाफ पोक्सो अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उसे रिमांड पर भेज दिया.
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी सतीश ने अपनी गैरकानूनी गतिविधियों और ढोंग को छिपाने के लिए खुद को यूट्यूब पर एक पत्रकार के रूप में भी स्थापित कर रखा था ताकि पुलिस या कानून का डर दिखाकर लोगों को चुप रख सके. पुलिस को अंदेशा है कि उसने अतीत में भी कई महिलाओं और बच्चियों को अपना शिकार बनाया होगा, जो लोकलाज के डर से चुप रहीं.
पुलिस ने जारी की सख्त चेतावनी
इस सनसनीखेज मामले के सामने आने के बाद मंचरियाल पुलिस ने आम जनता के लिए चेतावनी जारी की है. पुलिस ने अपील की है कि लोग बीमारियों के इलाज के लिए अंधविश्वास, जादूटोना या ताबीज वाले बाबाओं के चक्कर में पड़ने के बजाय योग्य डॉक्टरों से चिकित्सीय परामर्श लें. साथ ही पुलिस ने मातापिता को सलाह दी है कि वे अपने बच्चों, विशेषकर नाबालिगों को ऐसे ढोंगी साधुओं या बाबाओं के पास अकेले कभी न छोड़ें. यदि किसी के पास अंधविश्वास के नाम पर ठगी करने वालों की जानकारी है, तो वे तुरंत पुलिस में शिकायत दर्ज कराएं.


