Gonda: उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में वन्यजीव संरक्षण की एक बड़ी और सुखद तस्वीर सामने आई है। यहाँ एक नहर में फंसे एक वयस्क नर गंगा डॉल्फिन को 13 घंटे चले मैराथन रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सुरक्षित बचा लिया गया है। इस ऑपरेशन को वन विभाग और टीएसए इंडिया प्रोग्राम की विशेषज्ञ टीम ने सफलतापूर्वक किया।

बता दें, नहर में डॉल्फिन के फंसे होने की सूचना मिलते ही रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। डॉल्फिन का वजन और पानी का बहाव चुनौतीपूर्ण था, लेकिन टीम ने हार नहीं मानी। लगातार 13 घंटे तक चले इस ऑपरेशन के बाद डॉल्फिन को जाल की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया। बाहर निकालने के बाद विशेषज्ञों द्वारा डॉल्फिन की विस्तृत चिकित्सकीय जांच की गई, जिसमें वह पूरी तरह स्वस्थ पाया गया।
बता दें, इस पूरे रेस्क्यू में नमामि गंगे के तहत संचालित ‘डॉल्फिन एम्बुलेंस’ ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस इस एम्बुलेंस के जरिए डॉल्फिन को रेस्क्यू स्थल से राप्ती नदी तक ले जाया गया, जहाँ उसे वापस उसके प्राकृतिक आवास में छोड़ दिया गया। गौरतलब है कि जनवरी 2026 से अब तक यह एम्बुलेंस सेवा प्रदेश में 8 गंगा डॉल्फिनों की जान बचा चुकी है।
गंगा डॉल्फिन भारत का राष्ट्रीय जलीय जीव है और इसका संरक्षण पारिस्थितिकी तंत्र के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। गोंडा में हुए इस सफल रेस्क्यू की वन्यजीव प्रेमियों और स्थानीय प्रशासन ने जमकर सराहना की है।



