गर्मियों के मौसम में हर साल बिजली की डिमांड तेजी से बढ़ जाती है। लगभग हर घर में एसी, टीवी, फ्रिज, वॉशिंग मशीन, गीजर जैसे हाउसहोल्ड इलेक्ट्रिकल आइटम रहते हैं। इनके इस्तेमाल से आप हर महीने एवरेज लगभग 500 यूनिट की बिजली खपत करते हैं। ऐसे में आपके घर का इलेक्ट्रिसिटी बिल भी काफी ज्यादा आ सकता है। हालांकि, अगर आपने घर की छत पर सोलर पैनल लगा लिया तो हर महीने आने वाले बिजली के बिल से आपको निजात मिल सकता है।

अगर, हर महीने 500 यूनिट्स की बिजली खपत होती है तो इसके लिए कितने kW का सोलर पैनल लगाना जरूरी होगा ताकि बिजली का नेट बिल जीरो हो जाए। इस कैल्कुलेशन को समझने से पहले आपको ये जानना जरूरी होगा कि सोलर पैनल लगाने के लिए आपको ऑनग्रिड या हाईब्रिड सोलर सिस्टम में किसी को चुनना होगा। ऐसा करने से आप घर में इस्तेमाल होने वाले बिजली के बिल की बचत कर सकते हैं।
यह है पूरा गणित
| सोलर पैनल | डेली यूनिट | मंथली यूनिट |
| 1kW | 4 यूनिट | 120 यूनिट |
| 2kW | 8 यूनिट | 240 यूनिट |
| 3kW | 12 यूनिट | 360 यूनिट |
| 4kW | 16 यूनिट | 480 यूनिट |
| 5kW | 20 यूनिट | 600 यूनिट |
सोलर पैनल लगाने वाली कंपनियों के मुताबिक, अगर आप हर महीने 500 यूनिट्स बिजली की खपत करते हैं तो आपको कम से कम 5kW का सोलर प्लान्ट लगाना होगा। आम तौर पर 1kW का सोलर पैनल हर महीने करीब 120 यूनिट्स बिजली जेनरेट करता है यानी डेली एवरेज 4 यूनिट्स बिजली का उत्पादन होता है। गर्मी के मौसम में इसका उत्पादन 6 यूनिट्स प्रतिदिन तक पहुंच सकता है।
एक्स्ट्रा बिजली रात में आएगा काम
अगर आप हर महीने 500 यूनिट्स बिजली की खपत करते हैं तो इसके लिए आपको कम से कम 4.68kW यानी 5kW का सोलर सिस्टम लगाना होगा। 5kW का सोलर सिस्टम डेली करीब 20 यूनिट्स बिजली जेनरेट करेगा यानी महीने के 600 यूनिट्स बिजली का उत्पादन होगा। अगर आप 500 यूनिट्स बिजली खपत करते हैं तो 100 यूनिट्स एक्स्ट्रा बिजली सरकार के ग्रिड में जाती है। इस तरह से रात में हैवी अप्लायंसेज अगर आप चलाते भी हैं तो इसके लिए आपको एक्स्ट्रा खर्च करने की जरूरत नहीं होती है। एक्सेस बिजली आपके ग्रिड से यूज की जाने वाली बिजली के बिल को नेट जीरो कर देता है।
5kW के सोलर पैनल के जरिए आप अपने घर के लगभग सभी लोड का यूज कर पाते हैं। 5kW के सोलर पैनल पर आप 1.5 टन के दो एसी, एक फ्रिज, एक वॉशिंग मशीन समेत घर के लगभग सभी अप्लायंसेज आसानी से चला सकते हैं। इस तरह दिन के समय में आपके घर में इस्तेमाल होने वाली बिजली के लिए बिल नहीं देना होगा। साथ ही, एक्सेस बिजली पैदा होने पर यह डिस्कॉम यानी बिजली विभाग के पास पहुंच जाएगा, जिसे आप रात में एसी चलाने के लिए यूज कर सकते हैं।



