देश की राजधानी दिल्ली में सोने की कीमत में लगातार तीसरे दिन गिरावट देखने को मिली है. खास बात तो ये है कि तीन दिनों में सोने की कीमत मतें 4700 रुपए की गिरावट देखने को मिली है. जिसमें से 3300 रुपए की गिरावट शुक्रवार को देखने को मिली है. वहीं शुक्रवार को चांदी की कीमत में 5000 रुपए की गिरावट आ गई है. जानकारों की मानें तो डॉलर इंडेक्स में तेजी की वजह से सोने की कीमतों में गिरावट देखने को मिली है. जानकारों की मानें तो निवेशक फेड पॉलिसी आने से सतर्क रुख अपनाए हुए हैं. जिसकी वजह से डॉलर इंडेक्स में तेजी देखने को मिल रही है और गोल्ड कीमतों में प्रेशर देखने को मिल रहा है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर देश की राजधानी दिल्ली में सोने और चांदी के दाम कितने हो गए हैं.

सोने और चांदी के दाम में गिरावट
शुक्रवार को सोने की चमक और फीकी पड़ गई. राष्ट्रीय राजधानी में इसकी कीमत 3,300 रुपए गिरकर 1.62 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई. अमेरिकी डॉलर के मजबूत होने और ट्रेडर्स की ओर से मुनाफावसूली के कारण सोने की कीमतों में लगातार तीसरे दिन गिरावट आई. लोकल ट्रेडर्स के अनुसार, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने की कीमत गुरुवार के 1,65,700 रुपए प्रति 10 ग्राम के क्लोजिंग लेवल से 3,300 रुपए गिरकर 1,62,400 रुपए प्रति 10 ग्राम हो गई.
तीन दिन की इस गिरावट ने सोने की कीमत को 25 अगस्त के 1,67,100 रुपए प्रति 10 ग्राम के स्तर से 4,700 रुपए या लगभग 3 प्रतिशत नीचे ला दिया है. उस समय सोने की कीमतों में हालिया तेजी देखी गई थी. घरेलू बाजार में चांदी की कीमतों में भी गिरावट आई. यह 5,000 रुपए गिरकर 2,45,500 रुपए प्रति किलोग्राम हो गई, जबकि पिछली क्लोजिंग कीमत 2,50,500 रुपए प्रति किलोग्राम थी.
क्यों सस्ता हो गया सोना और चांदी?
LKP सिक्योरिटीज के कमोडिटी और करेंसी रिसर्च एनालिस्ट जतिन त्रिवेदी ने कहा कि इस हफ्ते सोने की कीमतों में उतारचढ़ाव बना रहा. हालिया तेजी के बाद ट्रेडर्स लगातार तीसरे सेशन में मुनाफावसूली कर रहे थे, क्योंकि अमेरिकी डॉलर 99.15 के स्तर से ऊपर मजबूत हो गया था. स्मगलिंग की बढ़ती गतिविधियों के कारण केंद्र सरकार द्वारा कस्टम ड्यूटी में कटौती की खबरों का भी घरेलू बुलियन मार्केट पर दबाव पड़ा. मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड के कमोडिटीज एनालिस्ट मानव मोदी ने कहा कि घरेलू स्तर पर, स्मगलिंग की बढ़ती गतिविधियों के बीच कस्टम ड्यूटी में कटौती की अफवाहों ने घरेलू कीमतों पर दबाव डाला और इंटरनेशनल मार्केट के साथ कीमतों के अंतर को बढ़ा दिया.
विदेशी बाजारों में सोना और चांदी
इंटरनेशनल मार्केट में स्पॉट गोल्ड मामूली गिरावट के साथ 4,599.70 डॉलर प्रति औंस पर ट्रेड कर रहा था. मिरे एसेट शेयरखान के कमोडिटीज हेड प्रवीण सिंह ने कहा कि स्पॉट गोल्ड 4,600 डॉलर प्रति औंस के आसपास बना हुआ है, क्योंकि इन्वेस्टर्स कैनसस सिटी में हो रहे जैक्सन होल सिम्पोजियम में अमेरिकी फेडरल रिजर्व के चेयरमैन केविन वॉर्श के भाषण का इंतजार कर रहे हैं. मार्केट में दखलंदाज़ी बढ़ने और यील्ड के ऊंचे स्तर पर होने के बीच, वॉर्श को महंगाई से जुड़ी चिंताओं को दूर करने की ज़रूरत है.
मार्केट में शामिल लोग एक सख्त रुख वाले भाषण की उम्मीद कर रहे हैं. सिंह ने कहा कि अगर वॉर्श निवेशकों का भरोसा जीतने में नाकाम रहते हैं, तो डॉलर पर दबाव आ सकता है, जिससे बुलियन की कीमतों में और तेज़ी आ सकती है. वहीं, विदेशी बाज़ारों में सोने में आई गिरावट के उलट चांदी की कीमतों में 1.51 प्रतिशत की बढ़त हुई और यह 70.31 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई.



