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जामुन के साथ इन 5 चीजों का कॉम्बिनेशन सेहत पर पड़ सकता है भारी, एक्सपर्ट से जानिए गलत फूड पेयरिंग के साइड इफेक्ट्स…

जामुन के साथ इन 5 चीजों का कॉम्बिनेशन सेहत पर पड़ सकता है भारी, एक्सपर्ट से जानिए गलत फूड पेयरिंग के साइड इफेक्ट्स…

गर्मियों और मानसून के मौसम में जामुन खाना हर किसी को पसंद होता है। यह छोटा सा फल एंटीऑक्सीडेंट्स, विटामिन-सी और कई जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर होता है, जो खासकर डायबिटीज मरीजों और पाचन तंत्र के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि आयुर्वेद और आधुनिक आहार विज्ञान (Nutrition Science) में कुछ चीजों को जामुन के साथ खाने की सख्त मनाही है? हेल्थ और डाइट एक्सपर्ट्स के मुताबिक गलत फूड कॉम्बिनेशन यानी ‘विरुद्ध आहार’ के कारण जामुन के फायदे मिलने के बजाय शरीर में गैस, एसिडिटी, पेट दर्द या स्किन एलर्जी जैसी समस्याएं पैदा हो सकती हैं।

दिल्ली स्थिति अजय आयुर्वेद क्लिनिक के आयुर्वेदाचार्य डॉ. अजय पाल ने बताया जामुन का सेवन कुछ फूड के साथ करने से शरीर में एसिड बैलेंस बिगड़ सकता है, जिससे पाचन तंत्र खराब हो सकता है। जामुन के साथ कुछ फूड का कॉम्बिनेशन पेट में गैस,एसिडिटी,डायरिया और अपच कर सकता है। आइए एक्सपर्ट से समझते हैं कि जामुन के साथ या उसके तुरंत बाद किन 5 चीजों के सेवन से बचना चाहिए और इसके पीछे का वैज्ञानिक कारण क्या है।

जामुन खाने के तुरंत बाद दूध न पिएं

जामुन खाने के बाद दूध पीने से कुछ लोगों को पेट दर्द, अपच, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए दोनों के बीच कम से कम 1 से 2 घंटे का अंतर रखने की सलाह दी जाती है। Journal of Agricultural and Food Chemistry और Food Hydrocolloids में प्रकाशित रिसर्च के मुताबिक जामुन में ‘टैनिन’ (Tannins) और साइट्रिक एसिड की मात्रा बहुत अधिक होती है। जब आप जामुन खाने के तुरंत बाद दूध पीते हैं, तो जामुन का एसिड और टैनिन दूध में मौजूद केसिन प्रोटीन (Casein Protein) के साथ रिएक्ट करते हैं। इसके कारण पेट के अंदर ही दूध तुरंत फट जाता है। इस फटे हुए गाढ़े मिश्रण को पचाने में पेट को अत्यधिक मशक्कत करनी पड़ती है, जिससे गंभीर अपच, पेट दर्द, गैस और ब्लोटिंग की समस्या पैदा होती है। आयुर्वेद में इसे ही ‘विरुद्ध आहार’ कहा गया है।

जामुन के साथ अचार खाने से बचें

अचार में नमक और मसालों की मात्रा अधिक होती है। जामुन खाने के तुरंत बाद अचार का सेवन करने से गले में खराश या पाचन संबंधी परेशानी होने की आशंका बढ़ सकती है। अचार खाना हो तो कुछ समय का अंतर रखें।

जामुन खाने के बाद हल्दी वाली चीजें न खाएं

पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार, जामुन खाने के तुरंत बाद हल्दी या हल्दी युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करने से पेट में दर्द या जलन की शिकायत हो सकती है। हालांकि इस दावे को लेकर पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं हैं।

जामुन खाने के तुरंत बाद पानी पीने से बचें

कई लोग मानते हैं कि जामुन खाने के तुरंत बाद पानी पीने से पाचन संबंधी समस्याएं जैसे गैस, दस्त या पेट खराब होने की शिकायत हो सकती है। इसलिए आमतौर पर जामुन खाने के 30 से 40 मिनट बाद पानी पीने की सलाह दी जाती है। International Journal of Food Sciences and Nutrition की एक रिपोर्ट के मुताबिक जामुन के बीजों और गूदे में अत्यधिक मात्रा में घुलनशील फाइबर और प्राकृतिक एसिड होता हैं। जामुन खाने के तुरंत बाद पानी पीने से पेट में मौजूद पाचक रस (Gastric Acids) पतले हो जाते हैं, जिससे जामुन को पचाने की प्रक्रिया धीमी हो जाती है। इसके अलावा, पानी मिलने से जामुन का फाइबर आंतों में बहुत तेजी से फर्मेंट (Ferment) होने लगता है, जिससे अचानक गैस, पेट में मरोड़ और कुछ संवेदनशील लोगों में डायरिया की स्थिति बन जाती है।

खाली पेट जामुन खाने से हो सकती है परेशानी

जामुन का स्वाद खट्टा-कसैला होता है। कुछ लोगों में इसे खाली पेट खाने से एसिडिटी, पेट दर्द या जलन की समस्या हो सकती है। इसलिए इसे भोजन के बाद या हल्का नाश्ता करने के बाद खाना बेहतर माना जाता है। Phytotherapy Research में छपे एक क्लिनिकल अध्ययन के मुताबिक जामुन का स्वाद खट्टा-कसैला होता है, जो इसमें मौजूद उच्च एसिडिक स्तर को दर्शाता है। जब पेट खाली होता है, तो वहां पहले से ही हाइड्रोक्लोरिक एसिड मौजूद होता है। खाली पेट जामुन खाने से पेट का एसिडिक एनवायरमेंट अचानक बहुत ज्यादा बढ़ जाता है। रिसर्च के अनुसार, यह पेट की अंदरूनी संवेदनशील परत में जलन पैदा करता है, जिससे एसिडिटी, सीने में जलन और पेट में ऐंठन शुरू हो जाती है।

ज्यादा मात्रा में जामुन खाने से भी बचें

जामुन पाचन के लिए फायदेमंद माना जाता है, लेकिन जरूरत से ज्यादा सेवन करने पर कुछ लोगों को कब्ज, पेट में भारीपन या जलन जैसी समस्याएं हो सकती हैं। इसलिए इसका सेवन संतुलित मात्रा में करना चाहिए। Journal of Ethnopharmacology में जामुन के औषधीय गुणों पर की गई रिसर्च के मुताबिक जामुन को इसके कसैले स्वाद के कारण ‘ग्राही’ माना जाता है। सीमित मात्रा में इसका सेवन करने से पाचन सुधरता है, लेकिन रिसर्च बताती है कि अत्यधिक मात्रा में जामुन खाने से शरीर में टनिन (Tannins) का संचय बहुत बढ़ जाता है। टैनिन आंतों की मांसपेशियों को सिकोड़ते हैं और मल से पानी को बहुत ज्यादा सोख लेते हैं। इसके कारण आंतों की गतिशीलता (Bowel Movement) धीमी हो जाती है, जिससे पेट में भारीपन और गंभीर कब्ज (Constipation) की समस्या हो जाती है।

डिस्क्लेमर: ये जानकारी पारंपरिक मान्यताओं और सामान्य स्वास्थ्य सलाह पर आधारित है। दूध, पानी, अचार या हल्दी के साथ जामुन खाने से होने वाले सभी दावों के लिए पर्याप्त वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं हैं। किसी भी स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में डॉक्टर या पोषण विशेषज्ञ की सलाह लें।

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