दक्षिण दिल्ली के माउंट कैलाश इलाके में एक डर्मेटोलॉजिस्ट द्वारा अपनी घरेलू सहायिका की हत्या का मामला सामने आया है। आरोपी चिकित्सक मनीष गुप्ता ने कथित तौर पर अपनी मेड मीना की हत्या को अंजाम दिया, जो पिछले 15 वर्षों से उनके परिवार के साथ जुड़ी हुई थी। पुलिस के अनुसार, घटना 18 जून को हुई जब मीना अपने दैनिक कार्य के लिए उनके आवास पर पहुंची थी। पीड़ित मीना छत पर कपड़े सुखाने गई थी, तभी आरोपी ने अपने बेटे के बेसबॉल बैट से उसके चेहरे और सिर पर प्रहार किया और बाद में चाकू से उसका गला रेत दिया।

घटना की जानकारी तब हुई जब एक पड़ोसी ने छत से पूरी वारदात को होते देखा और पुलिस को सूचित किया। पुलिस जब मौके पर पहुंची, तो आरोपी डॉक्टर बिल्डिंग की सीढ़ियों पर बैठा हुआ मिला। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, डॉक्टर ने हिरासत में लिए जाने के दौरान स्वयं को फांसी दिए जाने की मांग की। पुलिस ने घटनास्थल से खून से सना बल्ला और किचन का चाकू बरामद किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारी जांच में जुटे हैं।
पुलिस की शुरुआती जांच में यह तथ्य सामने आया है कि डॉ. मनीष गुप्ता मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे थे। वह पिछले एक दशक से डिप्रेशन और ऑब्सेसिवकंपल्सिव डिसऑर्डर के लिए चिकित्सकीय उपचार ले रहे थे। रिपोर्ट के अनुसार, आरोपी के मन में हिंसक विचार आते थे और वह स्वयं या अपने परिवार को नुकसान पहुंचाने को लेकर भी विचलित था। इस घटना के पीछे का एक कारण मृतका को नौकरी से निकालने को लेकर डॉक्टर और उनकी पत्नी के बीच चल रहा मतभेद भी बताया जा रहा है। उनकी पत्नी मीना को परिवार का भरोसेमंद सदस्य मानती थीं और उन्हें काम से नहीं निकालना चाहती थीं।
पीड़ित मीना के परिवार में उनके पति और बेटा रॉबिन हैं। उनके बेटे ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए बताया कि उसकी मां और डॉक्टर के बीच कभी कोई विवाद नहीं हुआ था। मीना के परिजन मामले में न्याय की मांग कर रहे हैं। आरोपी डॉक्टर की पत्नी भी पेशे से डर्मेटोलॉजिस्ट हैं और उनका बेटा कानून की पढ़ाई कर रहा है। वारदात के समय आरोपी का बेटा घर पर ही मौजूद था, जिसे घटना के तुरंत बाद हमले की जानकारी दी गई थी। वर्तमान में, पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि क्या आरोपी ने अपनी नियमित दवाएं लेना बंद कर दिया था, जिसके चलते उसकी मानसिक स्थिति बिगड़ी और उसने यह घातक कदम उठाया। क्षेत्र में इस घटना के बाद से ही हड़कंप मचा हुआ है और स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश है।



