
रायबरेली, अमृत विचार : एफजी कॉलेज में छात्र संगठन के सदस्यता अभियान को लेकर शुरू हुआ विवाद गुरुवार को एसपी कार्यालय तक पहुंच गया। यहां सपा और एबीवीपी कार्यकर्ता आमनेसामने आ गए। दोनों पक्षों की ओर से जमकर नारेबाजी हुई। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया। पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए सख्ती दिखाई तो सपा नेताओं और पुलिस के बीच भी तीखी झड़प हो गई। सपा जिलाध्यक्ष इं. वीरेंद्र यादव और हरचंदपुर विधायक राहुल लोधी व बछरावां विधायक श्याम सुंदर भारती से धक्कामुक्की के आरोप लगे। सपा कार्यकर्ताओं ने पुलिस पर उन्हें दौड़ादौड़ाकर पीटने का आरोप लगाया। घटना के बाद नाराज सपाई शहीद चौक पर धरने पर बैठ गए।
दरअसल, सुबह एफजी कॉलेज परिसर में सपा छात्र संगठन की ओर से सदस्यता अभियान चलाया जा रहा था। इसी दौरान एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर विरोध जताया। दोनों पक्षों में कहासुनी के बाद विवाद बढ़ने लगा। सूचना पर शहर कोतवाल शिवशंकर सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इसी दौरान सपा जिलाध्यक्ष और शहर कोतवाल के बीच भी तीखी कहासुनी होने लगी। वहां सीओ सिटी आशीष निगम ने हस्तक्षेप कर मामला शांत कराया। घटना में कोतवाल के रवैये से आक्रोशित सपा जिलाध्यक्ष इं. वीरेंद्र यादव, प्रदेश सचिव डा. शशिकांत शर्मा, हरचंदपुर विधायक राहुल लोधी और बछरावां विधायक श्याम सुंदर भारती समर्थकों के साथ शिकायत लेकर एसपी कार्यालय पहुंच गए। इसी बीच एबीवीपी कार्यकर्ता भी एसपी कार्यालय पहुंच गए। दोनों पक्ष आमनेसामने आ गए और एकदूसरे के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
स्थिति बिगड़ती देख एएसपी आलोक सिंह और सीओ सिटी आशीष निगम ने अतिरिक्त पुलिस बल बुला लिया। कुछ ही देर में एसपी कार्यालय पुलिस छावनी में बदल गया। पुलिस ने भीड़ को हटाना शुरू किया। सपा कार्यकर्ताओं का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें जबरन बाहर खदेड़ा और इस दौरान कई कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट की। आरोप है कि सपा जिलाध्यक्ष और विधायकों से भी पुलिसकर्मियों ने धक्कामुक्की की। पुलिस कार्रवाई के दौरान भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। कार्यकर्ता इधरउधर भागते नजर आए। काफी देर की मशक्कत के बाद पुलिस अधिकारियों ने स्थिति को नियंत्रित किया। इसके बाद दोनों विधायकों ने एसपी रवि कुमार से मुलाकात कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी। जिस पर एसपी ने जांच कराकर कार्रवाई करने के लिए आश्वस्त किया।


