नाइट फ्रैंक की फ्रेश ‘प्राइम ग्लोबल सिटीज इंडेक्स’ रिपोर्ट के अनुसार, 2026 की दूसरी तिमाही में मुंबई के लग्जरी और प्रमुख आवासीय संपत्तियों की कीमतों में 6.2% की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की गई है. इस शानदार उछाल के साथ मुंबई दुनिया भर के 46 प्रमुख रियल एस्टेट बाजारों में आठवें स्थान पर पहुंच गया है और ग्लोबल टॉप10 शहरों में अपनी मजबूत स्थिति कायम की है. रिपोर्ट के मुताबिक, मुंबई में तिमाही आधार पर भी कीमतों में 1.7 फीसदी की वृद्धि देखी गई, जो ग्लोबल रियल एस्टेट सेक्टर में भारतीय प्रीमियम हाउसिंग की बढ़ती मांग और निवेशकों के अटूट भरोसे को दर्शाती है.

ग्लोबल लेवल पर प्रमुख हाउसिंग प्रोपर्टीज की औसत कीमत वृद्धि केवल 2.6 फीसदी रही, जिसकी तुलना में मुंबई की विकास दर दोगुनी से भी अधिक रही है. भारत के अन्य प्रमुख शहरों में बेंगलुरु 4.5 फीसदी वार्षिक मूल्य वृद्धि के साथ 12वें स्थान पर रहा, जबकि नई दिल्ली 3.9% की बढ़त के साथ 17वें स्थान पर रही. विश्लेषकों का मानना है कि हाई नेटवर्थ लोगों की मजबूत खरीदारी क्षमता, प्राइम लोकेशन्स में सीमित सप्लाई और बुनियादी ढांचे के लगातार विस्तार ने भारतीय महानगरों के लग्जरी रियल एस्टेट बाजार में इस तेजी को गति दी है.
किस स्थान पर रहे दुनिया के बाकी शहर
प्रमुख आवासीय संपत्तियों की कीमतों में जून तिमाही में सालाना आधार पर 6.2 प्रतिशत की वृद्धि के साथ मुंबई दुनिया के 46 शहरों में आठवें स्थान पर रहा. आलोच्य तिमाही में दुनिया में प्रमुख आवासीय संपत्तियों की कीमतों में सालाना औसतन 2.6 प्रतिशत की वृद्धि हुई. कुल 46 शहरों में से 32 में सालाना आधार पर आवासीय संपत्तियों की कीमतें बढ़ीं. नाइट फ्रैंक इंडिया के अनुसार, बेंगलुरु 4.5 प्रतिशत की सालाना वृद्धि के साथ 12वें और नयी दिल्ली 3.9 प्रतिशत वृद्धि के साथ 17वें स्थान पर रही.
आंकड़ों के अनुसार, टोक्यो 50.7 प्रतिशत की सालाना मूल्य वृद्धि के साथ पहले स्थान पर रहा. इसके बाद क्रमश: मनीला , दुबई , सिंगापुर और नैरोबी का स्थान रहा. क्राइस्टचर्च 6.9 प्रतिशत की वृद्धि के साथ छठे और सियोल 6.4 प्रतिशत वृद्धि के साथ सातवें स्थान पर रहा. वियना 5.9 प्रतिशत वृद्धि के साथ नौवें और सैन फ्रांसिस्को पांच प्रतिशत वृद्धि के साथ 10वें स्थान पर रहा.
लगातार मजबूत हो रहा मुंबई का मार्केट
नाइट फ्रैंक इंडिया के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक शिशिर बैजल ने कहा कि वैश्विक स्तर पर आवासीय संपत्तियों की कीमतों में अपेक्षाकृत धीमी वृद्धि के बीच मुंबई का शीर्ष 10 प्रमुख आवासीय बाजारों में शामिल होना महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा कि शहर में 6.2 प्रतिशत की सालाना वृद्धि प्रमुख आवासीय बाजार में मजबूत मांग को दर्शाती है. इस बाजार में स्थान, गुणवत्ता और अलग तरह की आवासीय पेशकश संपत्तियों के मूल्य को समर्थन दे रही हैं.
बैजल ने कहा कि निवेशकों और खरीदारों के लिए यह दर्शाता है कि मुंबई का प्रमुख आवासीय संपत्ति बाजार दीर्घकालिक संपत्ति सृजन और सीमित आपूर्ति से मजबूती से जुड़ा हुआ है. नाइट फ्रैंक के ग्लोबल हेड ऑफ रिसर्च, लियाम बेली ने कहा कि ताजा डेटा से पता चलता है कि ग्लोबल लग्जरी हाउसिंग मार्केट की स्थिति में थोड़ा सुधार देखने को मिला है. उन्होंने कहा कि लोकल सप्लाई, करेंसी में उतारचढ़ाव, वेल्थ क्रिएशन और ब्याज दरें अलगअलग मार्केट पर असर डालती रहेंगी.



