
घर का किचन केवल खाना बनाने की जगह नहीं होता, बल्कि इसे परिवार की सेहत और खुशहाली से भी जोड़कर देखा जाता है। वास्तु शास्त्र में रसोई घर को विशेष महत्व दिया गया है। मान्यता है कि किचन में रखी चीजों और वहां की साफ-सफाई का घर के वातावरण पर असर पड़ता है। कई बार अनजाने में हम रसोई में ऐसी वस्तुएं रख देते हैं, जिन्हें वास्तु के अनुसार शुभ नहीं माना जाता।
आइए जानते हैं कि वास्तु मान्यताओं के अनुसार किचन में किन 6 चीजों को रखने से बचना चाहिए और रसोई को व्यवस्थित रखने के लिए किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है।
1. किचन में ज्यादा समय तक न रखें गूंथा हुआ आटा
कई घरों में सुविधा के लिए रात में ही आटा गूंथकर फ्रिज में रख दिया जाता है। वास्तु शास्त्र की कुछ मान्यताओं में लंबे समय तक रखा हुआ गूंथा आटा अशुभ माना जाता है। इसे राहु और शनि के प्रतिकूल प्रभाव से भी जोड़ा जाता है।
हालांकि, यह धार्मिक मान्यता है, इसका कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। व्यावहारिक रूप से आटे को साफ बर्तन में ढककर फ्रिज में रखना चाहिए और उसकी ताजगी का ध्यान रखना चाहिए।
2. किचन में गंदगी और कूड़ा इकट्ठा न होने दें
वास्तु के अनुसार रसोई में साफ-सफाई बनाए रखना बेहद जरूरी है। कुछ लोग किचन के किसी कोने में डस्टबिन रख देते हैं और समय पर कूड़ा बाहर नहीं निकालते। मान्यता है कि इससे घर में नकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है।
रसोई में डस्टबिन रखना अपने आप में गलत नहीं है, लेकिन उसे ढक्कन वाले डिब्बे में रखें और नियमित रूप से खाली करें। किचन की साफ-सफाई परिवार की सेहत के लिए भी जरूरी है।
3. टूटे और चटके हुए बर्तन न रखें
रसोई में टूटे हुए कप, प्लेट और चटके हुए बर्तन रखने से बचना चाहिए। वास्तु शास्त्र में ऐसी वस्तुओं को अशुभ माना जाता है। मान्यता है कि टूटे-फूटे बर्तन घर की सकारात्मकता और सुख-समृद्धि को प्रभावित कर सकते हैं।
इसके अलावा चटके हुए बर्तनों में खाना या पानी रखने से चोट लगने और साफ-सफाई से जुड़ी परेशानियां हो सकती हैं। इसलिए खराब बर्तनों को समय रहते हटा देना बेहतर है।
4. दवाइयां रखने की जगह न बनाएं किचन
कुछ लोग सुविधा के लिए दवाइयां रसोई की अलमारी या खाने-पीने के सामान के पास रख देते हैं। वास्तु मान्यताओं में इसे उचित नहीं माना जाता। कहा जाता है कि इससे घर के सदस्यों की सेहत पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है।
व्यावहारिक रूप से भी दवाइयों को खाने-पीने की चीजों से अलग और बच्चों की पहुंच से दूर रखना चाहिए। उन्हें हमेशा पैकिंग पर लिखे तापमान और भंडारण संबंधी निर्देशों के अनुसार सुरक्षित स्थान पर रखें।
5. किचन में गलत जगह पर न लगाएं शीशा
कुछ लोग रसोई को सजाने के लिए दीवारों पर शीशा लगाते हैं। वास्तु शास्त्र की मान्यताओं के अनुसार, किचन में आईना लगाने से बचना चाहिए। खासतौर पर चूल्हे और आग के स्थान के सामने शीशा लगाना कुछ परंपराओं में उचित नहीं माना जाता।
हालांकि, यह वास्तु से जुड़ी मान्यता है। शीशा लगाने का फैसला करते समय रसोई की बनावट, सुरक्षा और सुविधा का ध्यान रखना चाहिए।
6. रातभर किचन में न छोड़ें झूठे बर्तन
वास्तु शास्त्र में रात के समय रसोई को साफ और व्यवस्थित रखने पर विशेष जोर दिया जाता है। मान्यता है कि रातभर झूठे बर्तन छोड़ने से मां लक्ष्मी नाराज हो सकती हैं और घर की सुख-समृद्धि प्रभावित हो सकती है।
इसलिए सोने से पहले बर्तन साफ करने, किचन का प्लेटफॉर्म पोंछने और कूड़ा बाहर निकालने की सलाह दी जाती है। इससे सुबह रसोई साफ मिलती है और कीड़े-मकोड़ों के पनपने की आशंका भी कम होती है।
किचन का रंग कैसा होना चाहिए?
वास्तु शास्त्र में रसोई के लिए हल्के और शांत रंगों को अच्छा माना जाता है। क्रीम, सफेद, हल्का पीला और हल्का हरा जैसे रंग किचन को खुला और साफ-सुथरा दिखाने में मदद कर सकते हैं।
बहुत गहरे रंगों के इस्तेमाल से बचने की सलाह कुछ वास्तु मान्यताओं में दी जाती है। हालांकि, रंग चुनते समय रोशनी, जगह और अपनी पसंद को भी महत्व देना चाहिए।
किचन को व्यवस्थित रखने के लिए अपनाएं ये आदतें
- रसोई में रोजाना साफ-सफाई करें।
- खाने-पीने की चीजों को ढककर रखें।
- टूटे और अनुपयोगी बर्तनों को हटा दें।
- कूड़े को लंबे समय तक इकट्ठा न होने दें।
- दवाइयों और सफाई के रसायनों को खाद्य पदार्थों से अलग रखें।
- रात में सोने से पहले किचन को साफ और व्यवस्थित कर लें।
Satya Report Disclaimer: इस लेख में बताई गई बातें वास्तु शास्त्र की पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। किसी वस्तु को किचन में रखने से नकारात्मक ऊर्जा, आर्थिक नुकसान या स्वास्थ्य संबंधी परेशानी होने का वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। रसोई में साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा का ध्यान रखना सबसे जरूरी है।



