नई दिल्ली। भारत और वियतनाम के बीच हवाई संपर्क को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा फैसला हुआ है। दोनों देशों ने द्विपक्षीय हवाई सेवा क्षमता बढ़ाने पर सहमति जताई है। इसके बाद दोनों देशों के बीच साप्ताहिक यात्री सीट क्षमता करीब 8,000 से बढ़कर 16,800 सीटों तक हो जाएगी। यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू होने की जानकारी दी गई है।

क्यों बढ़ाई गई सीट क्षमता?
भारत और वियतनाम के बीच यात्रा की मांग लगातार बढ़ रही है। वियतनाम के नागरिक उड्डयन प्राधिकरण के अनुसार, 2026 की पहली छमाही में दोनों देशों की एयरलाइंस ने 4,400 से अधिक निर्धारित उड़ानें संचालित कीं और करीब 8.20 लाख यात्रियों को यात्रा कराई। पिछले साल की समान अवधि की तुलना में यात्री संख्या में 14.7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
मौजूदा क्षमता और उड़ान अधिकारों का इस्तेमाल एयरलाइंस लगभग पूरा कर चुकी थीं। ऐसे में बढ़ती मांग को देखते हुए दोनों देशों ने अतिरिक्त क्षमता उपलब्ध कराने का फैसला किया है।
15 रूट पर चल रही उड़ानें
वर्तमान में Vietnam Airlines, Vietjet Air, IndiGo और Air India दोनों देशों के बीच नियमित सेवाएं संचालित कर रही हैं। कुल 15 रूट, चार वियतनामी और छह भारतीय गंतव्यों को जोड़ते हैं। आगे Sun PhuQuoc Airways के भी भारतीय बाजार में प्रवेश की उम्मीद है।
यात्रियों को क्या फायदा होगा?
सीट क्षमता बढ़ने से एयरलाइंस को भारत के प्रमुख शहरों और वियतनाम के बीच अतिरिक्त उड़ानें शुरू करने या मौजूदा सेवाओं की संख्या बढ़ाने की गुंजाइश मिलेगी। इससे पर्यटन, कारोबार और दोनों देशों के बीच लोगों की आवाजाही को सुविधा मिलने की उम्मीद है।
इस साल Air India ने भी दिल्लीहनोई के बीच पांच दिन साप्ताहिक नॉनस्टॉप सेवा शुरू की है, जबकि IndiGo ने 25 अक्टूबर 2026 से मुंबईहनोई के बीच दैनिक सीधी उड़ान शुरू करने की घोषणा की है।



