
बाराबंकी, अमृत विचार। उर्वरक की कालाबाजारी के आरोप में कृषि विभाग की तहरीर पर जैदपुर पुलिस ने साधन सहकारी समिति, बीपैक्स टिकराउस्मा के सचिव समेत दो लोगों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है। जिला कृषि अधिकारी की ओर से दी गई तहरीर के मुताबिक 22 अगस्त की रात भाकियू पदाधिकारी ने सूचना दी कि बलछट क्षेत्र में एक पिकअप से रात में यूरिया कहीं भेजी जा रही है।
सूचना पर कृषि विभाग की टीम और जैदपुर पुलिस ने असरापुर गांव में सद्दाम उर्फ ननकू के मकान के बाहर खड़ी पिकअप की जांच की। वाहन में 30 बोरी नर्मदा यूरिया लदी मिली। चालक मौके पर मौजूद नहीं था, जिसके बाद वाहन को यूरिया समेत थाने लाया गया। अगले दिन चालक सद्दाम से पूछताछ में पता चला कि उसने विभिन्न बागों को लीज पर लिया है और खेती के लिए यूरिया खरीदी थी। जांच के दौरान बस बरौली साधन सहकारी समिति के सचिव सुरेंद्र कुमार वर्मा का बयान लिया गया।
बिक्री रजिस्टर और पोर्टल में मिला अंतर
सचिव ने बताया कि 22 अगस्त को श्याम लाल के नाम दो बार में कुल 14 बोरी यूरिया बेची गई थी। विभाग ने बिक्री रजिस्टर व आईएफएमएस पोर्टल का मिलान किया तो दोनों में अंतर मिला। विभाग के अनुसार पोर्टल पर श्याम लाल के नाम यूरिया बिक्री दर्ज नहीं थी, जबकि बिक्री रजिस्टर में 14 बोरी यूरिया उसके नाम दर्ज थी। विभाग ने इसे पीओएस मशीन से नियमानुसार बिक्री न कर उर्वरक को कालाबाजारी के उद्देश्य से डायवर्ट करने का मामला बताया।



