महिला कोच से उत्पीड़न मामले में फंसे हरियाणा के पूर्व खेल मंत्री और भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान संदीप सिंह को चंडीगढ़ जिला अदालत से बड़ी राहत मिली है. चंडीगढ़ पुलिस द्वारा मामले में आईपीसी की धारा 376 और 511 जोड़ने की मांग को अदालत ने खारिज कर दिया है.

चंडीगढ़ पुलिस ने अदालत में अर्जी दाखिल कर कहा था कि पीड़िता की गवाही के आधार पर यह मामला सिर्फ यौन उत्पीड़न का नहीं बल्कि दुष्कर्म के प्रयास का बनता है. पुलिस ने अदालत से आईपीसी की धारा 376 और 511 जोड़ने और केस को विशेष अदालत में ट्रांसफर करने की मांग की थी.
नई गंभीर धाराएं जोड़ने का कोई आधार नहीं
मामले में संदीप सिंह की ओर से अधिवक्ता सिद्धांत पंडित ने अदालत में पक्ष रखा. बचाव पक्ष ने दलील दी कि मामले में पहले से तय धाराओं के अलावा नई गंभीर धाराएं जोड़ने का कोई आधार नहीं बनता. अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद चंडीगढ़ पुलिस की अर्जी को डिसमिस कर दिया. इसके साथ ही मामले में दुष्कर्म के प्रयास की धाराएं जोड़ने की मांग फिलहाल खारिज हो गई है.


