उत्तर प्रदेश के वृंदावन में संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम में शिष्य की संदिग्ध मौत का मामला लगातार गहराता जा रहा है. इस मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट के वकील प्रहलाद कृष्ण शुक्ला ने चीफ जस्टिस को लेटर पिटिशन भेजी है. उन्होंने मामले की जांच के लिए कोर्ट की निगरानी में एसआईटी गठन की मांग की है. कहा कि यह देश के हजारों लाखों श्रद्धालुओं से जुड़ा मामला है. इसकी अनदेखी नहीं की जा सकती.

बता दें कि मथुरा के वृंदावन स्थित संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम श्रीहित राधा केली कुंज में 25 वर्षीय साधु रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई थी. मध्य प्रदेश का रहने वाला यह शिष्य चौथी मंजिल से कूद गया था. इससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई थी. इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया में वायरल हुआ. इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की है.
हो रहा विरोध प्रदर्शन
इस घटना के बाद एक तरफ जहां मथुरा पुलिस प्रेमानंद महाराज के सभी आश्रमों में छानबीन कर घटना से जुड़े सबूत जुटा रही है. शिष्यों से पूछताछ कर रही है, वहीं मृत शिष्य रसिक दुलारी के परिजनों आश्रम की व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए विरोध कर रहे हैं. इसी बीच आश्रम से कुछ बच्चों के गायब होने का मामला भी तूल पकड़ने लगा है. वकील प्रहलाद कृष्ण शुक्ला ने इसे गंभीर और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला बताया.
HC की निगरानी में हो जांच
उन्होंने अपने लेटर पिटिशन में मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है. उन्होंने कहा कि सच को सामने लाने के लिए हाईकोर्ट की सीधी निगरानी में विशेष जांच टीम का गठन होना चाहिए. या फिर मजिस्ट्रियल जांच होनी चाहिए. उन्होंने पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने और साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के निर्देश देने की गुहार लगाई गई है. अपनी अपनी याचिका में चिंता जताई कि इतनी बड़ी घटना के बाद भी श्रीहित राधा केली कुंज ट्रस्ट की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है.



