
शिकागो. दुनियाभर में कई ऐसे परिवार हैं, जिनके बारे में जानकर हैरानी होती है. इनमें से कोई सबसे बड़ी फैमिली का हिस्सा है, तो किसी के घर के सारे सदस्यों की लंबाई बहुत ज्यादा है. कुछ बौने हैं, तो कोई फैमिली एक जैसी बीमारी की शिकार है. लेकिन आज हम आपको एक ऐसी महिला के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसे देखकर डॉक्टरों ने कह दिया था कि क्या आप बच्चा पैदा करने की मशीन हैं? मामला अमेरिका के इलिनॉय प्रांत के शिकागो सिटी का है. यहां की रहने वाली 44 साल की शेय बार्बी के कुल 14 बच्चे हैं. वे अपने पति के साथ मिलकर इनका पालन-पोषण कर रही हैं. 14 बच्चों की देखभाल करने के साथ-साथ इस परिवार का मंथली बजट सुनकर ही किसी के भी होश उड़ सकते हैं. शेय और उनके पति विल बार्बी अपने इस बड़े कुनबे के राशन, कपड़े और पढ़ाई पर हर महीने लगभग 9.5 लाख रुपये से ज्यादा खर्च करते हैं. जब शेय अपने बच्चों के साथ बाहर जाती हैं, तो लोग उन्हें घूर-घूरकर देखते हैं.
बता दें कि शेय बार्बी ने 25 साल पहले 1999 में अपने पहले बच्चे को जन्म दिया था, जबकि उनका सबसे छोटा बच्चा 2021 में पैदा हुआ था. इस तरह वे पिछले दो दशकों से भी अधिक समय यानी 21 सालों से बच्चों को जन्म देती रही हैं. शेय का कहना है कि अगर वे अपनी सभी प्रेग्नेंसी के समय को जोड़ें, तो उन्होंने अपनी जिंदगी के 10 साल और 3 महीने सिर्फ गर्भवती रहने में बिताए. इसके बावजूद, पति-पत्नी का कहना है कि वे किसी भी तरह के गर्भनिरोधक का इस्तेमाल नहीं करते और ईश्वर उन्हें जितने बच्चे देगा, वे उनका स्वागत करने को तैयार हैं. हालांकि, 14 बच्चों के इस बड़ी फैमिली का पेट भरना किसी बड़े प्रोजेक्ट से कम नहीं है. यह परिवार हर साल सिर्फ खाने-पीने के सामान पर लगभग 1 करोड़ 38 लाख रुपए से ज्यादा खर्च करता है. इनके घर में हर हफ्ते 180 अंडे खत्म हो जाते हैं. पैसों की बचत करने के लिए परिवार ने घर पर ही 40 मुर्गियां और बत्तखें पाल रखी हैं.
इसके अलावा, ये लोग हर हफ्ते दुकानों और स्थानीय डेयरी से 15 गैलन (लगभग 56 लीटर) दूध खरीदते हैं और शेय रोज घर पर ही 6 लोफ ब्रेड बेक करती हैं. राशन के अलावा बच्चों के कपड़ों पर हर साल अलग से लगभग 14 लाख रुपए खर्च होते हैं. इतने बड़े परिवार के लिए बाहर आना-जाना किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं होता. बार्बी परिवार के पास 5 गाड़ियां हैं, लेकिन जब भी पूरा परिवार एक साथ बाहर निकलता है, तो वे अपनी 15-सीटर वैन का इस्तेमाल करते हैं. कई बार जब सबसे बड़ा बेटा (25 वर्षीय शॉन) साथ नहीं जाता, तभी बाकी 15 लोग एक गाड़ी में आ पाते हैं. लेकिन अगर सभी 16 सदस्य एक साथ निकलें, तो जगह कम पड़ने की वजह से या तो दो गाड़ियां ले जानी पड़ती हैं या फिर एक बच्चे को मजबूरी में घर पर ही छोड़ना पड़ता है. बच्चों के जन्मदिन पर प्रति बच्चा लगभग 46,000 रुपये खर्च होते हैं, जो साल भर में 6 लाख से ज्यादा बनता है.
बता दें कि शेय के पति विल बार्बी एक रियल एस्टेट इन्वेस्टर हैं, जिसके चलते यह परिवार किसी भी सरकारी या व्यावहारिक मदद के बिना पूरी तरह आत्मनिर्भर है. घर के सभी 14 बच्चों को होमस्कूलिंग के जरिए घर पर ही पढ़ाया जाता है, जिस पर प्रति बच्चा लगभग 1 लाख 92 हजार रुपए का खर्च आता है. सुबह 7:30 बजे से ही घर में पढ़ाई, वायलिन और पियानो की आवाजें गूंजने लगती हैं. जब यह परिवार सड़कों पर निकलता है, तो लोग हैरान होकर बच्चों को गिनने लगते हैं. शेय का कहना है कि सोशल मीडिया पर भले ही लोग उन्हें ट्रोल करते हों, लेकिन असल जिंदगी में लोग उनकी परवरिश और बच्चों के अच्छे व्यवहार की तारीफ करते हैं.



