
नागपुर: महाराष्ट्र के नागपुर में ससुर और बहू के रिश्ते को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। यशोधरानगर थाना क्षेत्र में एक बुजुर्ग व्यक्ति ने कथित तौर पर अपनी बहू पर कुल्हाड़ी से हमला कर उसकी हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी ने खुद भी कुएं में कूदकर जान देने की कोशिश की।
पुलिस के मुताबिक, घटना के पीछे लंबे समय से चला आ रहा पारिवारिक विवाद और जादू-टोने का शक बताया जा रहा है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
कपड़े धो रही थी महिला, तभी हुआ हमला
घटना शनिवार 12 सितंबर को पाहुने लेआउट के पिवली नदी परिसर में हुई। पुलिस के अनुसार, 40 वर्षीय लक्ष्मी रविशंकर पाली घर पर कपड़े धो रही थी। उस समय घर में कोई दूसरा व्यक्ति मौजूद नहीं था।
इसी दौरान उसके 70 वर्षीय ससुर नाथूलाल पाली ने कथित तौर पर उस पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। हमले में लक्ष्मी गंभीर रूप से घायल हो गई और उसकी मौत हो गई।
वारदात के बाद नाथूलाल वहां से भागने के बजाय घर के पीछे स्थित कुएं के पास पहुंचा और उसमें छलांग लगा दी।
आसपास के लोगों ने आरोपी को कुएं से निकाला
नाथूलाल को कुएं में कूदते देख आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। घटना की सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस टीम भी वहां पहुंची।
स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से नाथूलाल को कुएं से बाहर निकाला गया। इसके बाद उसे इलाज के लिए मेडिकल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
वहीं, पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल की जांच की और जरूरी साक्ष्य जुटाए। महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
बेटे की मौत के बाद बहू पर करता था शक
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि नाथूलाल के बेटे रविशंकर पाली की वर्ष 2019 में मौत हो गई थी। इसके बाद नाथूलाल को कथित तौर पर शक होने लगा कि उसकी बहू लक्ष्मी ने उसके बेटे पर जादू-टोना या काला जादू किया था।
इसी शक को लेकर दोनों के बीच अक्सर विवाद होने की बात सामने आई है। पुलिस का कहना है कि समय के साथ नाथूलाल के मन में बहू के प्रति नाराजगी बढ़ती गई और इसी विवाद ने बाद में हिंसक रूप ले लिया।
कुल्हाड़ी समेत अन्य साक्ष्य जुटा रही पुलिस
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। वारदात में इस्तेमाल कुल्हाड़ी और अन्य संभावित साक्ष्यों को जांच में शामिल किया गया है।
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना से पहले ससुर और बहू के बीच किस तरह का विवाद चल रहा था और हत्या के पीछे जादू-टोने के शक के अलावा कोई अन्य वजह तो नहीं थी।



