
Satya Report: आज के समय में 35% से ज्यादा शहरी भारतीय ओवरवेट हैं। लोग बढ़ते वजन को कंट्रोल करने के लिए भूखे रहते हैं, घंटों वर्कआउट करते हैं और कैलोरी को भी कंट्रोल करते हैं फिर भी उनका मोटापा कम नहीं होता। योगा एक्सपर्ट ने बताया फैट तब कम होता है जब मेटाबॉलिज्म सही तरीके से काम करता है, न कि सिर्फ कम खाने से। वजन कम करने में कैलोरी मायने रखती है, लेकिन केवल कैलोरी ही सब कुछ नहीं है, हार्मोनल इम्बैलेंस, नींद और स्ट्रेस भी बड़े कारक हैं। आइए जानते हैं कि एक्सपर्ट ने वजन कम करने के लिए कौन-कौन से डाइट टिप्स दिए हैं।
डिसिप्लेन में खाएं खाना
वजन घटाने के लिए सबसे जरूरी है कि खाने का समय तय हो। नियमित समय पर भोजन करने से पाचन तंत्र बेहतर काम करता है। इसके साथ ही 12–14 घंटे का ईटिंग विंडो रखना फायदेमंद होता है, जिससे इंसुलिन का स्तर संतुलित रहता है और शरीर प्राकृतिक रूप से फैट बर्न करता है।
फिजिकल एक्टिविटी भी है जरूरी
वजन कम करने के लिए सिर्फ डाइट ही नहीं, बल्कि रोजाना फिजिकल एक्टिविटी और योग करना भी जरूरी है। रोजाना वॉक और एक्सरसाइज करने से बॉडी एक्टिव रहती है और वजन घटाना आसान होता है। योग में पवनमुक्तासन, भस्त्रिका प्राणायाम, अग्निसार क्रिया और सूर्य नमस्कार जैसे अभ्यास मेटाबॉलिज्म और सर्कुलेशन को बेहतर बनाते हैं।
ऐसे करें दिन की शुरुआत
दिन की शुरुआत गुनगुने पानी से करें। गुनगुने पानी में आप नींबू, जीरा या मेथी दाना मिलाकर उसे पकाकर ठंडा करके पी सकते हैं। इस तरह पानी का सेवन पाचन को धीमा करेगा। आप सुबह खाली पेट एलोवेरा जूस भी पी सकते हैं।
नाश्ते में करें इन चीजों को शामिल
एक्सपर्ट ने बताया सुबह का नाश्ता ऐसा होना चाहिए जिसमें प्रोटीन और फाइबर ज्यादा हो और कार्बोहाइड्रेट कम हो। मिलेट्स का उपमा, मूंग दाल चीला या स्प्राउट्स सुबह के नाश्ते के लिए बेस्ट विकल्प हैं। इसमें चिया सीड या अलसी मिलाने से फायदा बढ़ता है। सुबह के नाश्ते में ब्रेड, बिस्किट, स्मूदी और फ्रूट जूस जैसे फूड्स को खाने से बचना चाहिए।
मिड मॉर्निंग में ये फूड लें
एक्सपर्ट ने बताया नाश्ते के बाद 11 से 12 बजे के बीच यानी मिड-मॉर्निंग में तभी कुछ खाएं जब आपको भूख लगे। इस समय एक फल या नारियल पानी का सेवन काफी होता है। अगर बार-बार आपको खाने की इच्छा हो, तो दालचीनी या धनिया का पानी मदद कर सकता है।
लंच में करें इन चीजों को शामिल
दोपहर का खाना दिन का सबसे अहम भोजन होता है। इसमें आधी प्लेट सब्जियां, एक चौथाई प्रोटीन और एक चौथाई अनाज होना चाहिए। लंच में थोड़ा घी भी शामिल कर सकते हैं। खाने से पहले अदरक, नींबू या सेंधा नमक लेने से पाचन बेहतर होता है। खाने के बाद थोड़ी देर टहलना और वज्रासन में बैठना फायदेमंद होता है।
शाम में इन फूड्स को खाएं
शाम के समय अक्सर अनहेल्दी खाने की क्रेविंग होती है, इसलिए इस समय भुने चने, मखाने या हर्बल टी का सेवन करें। तला-भुना, चाय-बिस्किट जैसे विकल्पों से बचें। अनुलोम-विलोम प्राणायाम करने से खाने की क्रेविंग कंट्रोल करने में मदद मिलती है।
रात में इस तरह खाएं खाना
रात का खाना हल्का और आसानी से पचने वाला होना चाहिए। रात के खाने में सब्जियों का सूप, स्टीम्ड सब्जियां और हल्की खिचड़ी का सेवन करें। कोशिश करें कि रोटी, चावल और सब्जी को एक साथ ज्यादा मात्रा में नहीं खाएं। सोने से पहले सौंफ या जीरे का गर्म पानी पिएं और स्ट्रेस कम करने के लिए श्वासन करें।
ये डाइट चार्ज कैसे वजन घटाने में करेगा मदद
हंसा योगेंद्र ने बताया इस डाइट में जल्दी डिनर, कम शुगर और डिसिप्लिन पर जोर दिया गया है। यह खासतौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है जो 35 साल से ऊपर हैं और जिनका मेटाबॉलिज्म धीमा हो गया है या जो बेली फैट और इंसुलिन रेजिस्टेंस से परेशान हैं। हालांकि यह डाइट प्रेग्नेंट महिलाओं, स्तनपान कराने वाली महिलाओं और बहुत कम वजन वाले लोगों के लिए उपयुक्त नहीं है। अगर इसे सही तरीके से फॉलो किया जाए, तो 7 दिन में मेटाबॉलिज्म में सुधार और 21 दिन में नजर आने वाला फैट लॉस होना शुरु हो जाएगा।
डिस्क्लेमर:
लेख में दी गई जानकारी प्रसिद्ध योगा एक्सपर्ट डॉ. हंसा योगेंद्र के सुझावों पर आधारित है। हर व्यक्ति के शरीर की बनावट और स्वास्थ्य स्थितियां अलग होती हैं। किसी भी नई डाइट या योग अभ्यास को शुरू करने से पहले अपने चिकित्सक या प्रमाणित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें। जंसत्ता इन जानकारियों की जिम्मेदारी नहीं लेता है। .



