मध्य प्रदेश के सागर जहरीली शराब कांड में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है. पुलिस ने ‘सागर गोल्ड’ के नाम पर मौत बांटने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का खुलासा करते हुए 37 बदमाशों को अरेस्ट किया है. इस गिरोह के बदमाश दिल्ली से थिनर मंगाते थे और उसकी असली देशी शराब की तरह ही पैकिंग कर ‘सागर गोल्ड’ नाम से लाइसेंसी ठेकों पर बेचते थे. यह शराब पीने की वजह से सागर के बंडा में कई लोगों की मौत हो गई थी.

इस घटना के बाद पुलिस अधीक्षक अनुराग सुजानिया ने मामले की जांच के लिए स्पेशल टीमों का गठन किया था. इसके बाद पुलिस टीम ने गिरोह के तार खंगालते हुए ग्वालियर और मुरैना में दबिश दी. इस कार्रवाई में पुलिस ने नकली शराब फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए शराब की बोतल बनाने की 4 डाई मशीन, ढक्कन सील करने वाली मशीन, 11,050 खाली बोतलें, 900 भरी हुई बोतलें और 250 कैप्सूल बरामद किए हैं.
चंदू का साथी था मास्टरमाइंड
पुलिस की जांच में गिरोह के सरगना के तौर पर मुख्य नाम चंदू राजा उर्फ चंद्रभान का सामने आया है. पुलिस की पूछताछ में चंदू ने बताया कि वह लंबे समय से शराब ठेकेदारों के संपर्क में था. उसने विनायका स्थित मदिरा दुकान के लाइसेंसी ठेकेदार सिद्धार्थ कुशवाहा के साथ पार्टनरशिप की थी. वहीं दूसरी तरफ वह लाइसेंसी ठेकेदार मनीष उर्फ यशवंत ठाकुर निवासी बंडा के साथ भी बृजेश मदिरा दुकान में अघोषित पार्टनर था. यहीं से वह लाइसेंसी दुकान की आड़ में अवैध शराब का धंधा करता था.
ऐसे बनाते थे जहरीली शराब
छापरी निवासी शिवराज राजपूत और उसके दोस्त रोहित पटेल निवासी पिपरिया ने चंदू राजा को नकली शराब बनाने का आइडिया दिया था. इसके बाद चंदू राजा ने मुरैना के दिनेश शिवहरे और उसकी गैंग को तरारौड़ा गांव स्थित घर में नकली शराब बनाने को कहा. दिननेश शिवहरे अपने साथियों के साथ ग्वालियर से ट्रांसपोर्ट के माध्यम से बोतलें, ढक्कन, पैकिंग के कार्टून और दिल्ली से 5 ड्रम औद्योगिक स्पिरिट / थिनर लेकर आया. जिसे चंदू ने अपने घर में रखा. यही जहरीली स्पिरिट से नकली शराब बनाकर चंदू ने अपने सहयोगियों के माध्यम से नौराज, गूगरा, छापरी, जगथर, बमूरा भेड़ा, पाटन सहित आसपास के गांवों में बेची.
52 में से 37 आरोपी अरेस्ट
इसी शराब को पीने से लोगों की मौत हुई और कई लोगों की आंखों की रोशनी चली गई. इस मामले में पुलिस ने अब तक 52 लोगों को आरोपी बनाया है. इनमें से 37 लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. मुख्य आरोपी दिनेश शिवहरे की रास्ते में मौत हो गई थी. पुलिस ने RN केमिकल फर्म के मालिक अनुपम गिरी निवासी दिल्ली को भी गिरफ्तार किया है. दिल्ली से अनुपम गिरी ही आरोपियों को केमिकल सप्लाई करता था.



