Sensex Nifty Rally: सोमवार की सुबह भारतीय शेयर बाजार के निवेशकों के लिए बड़ी राहत लेकर आई. कमजोर ग्लोबल संकेतों के बावजूद 2 नवंबर को घरेलू बाजार ने शानदार शुरुआत की. बाजार खुलते ही खरीदारी का ऐसा माहौल बना कि देखते ही देखते सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ने ऊंची छलांग लगा दी. शुरुआती कारोबार में बेंचमार्क सेंसेक्स 715 अंक यानी 0.96 फीसदी की बढ़त के साथ 75,175 के स्तर पर खुला. वहीं, निफ्टी 50 इंडेक्स ने 195 अंक यानी 0.85 फीसदी की तेजी के साथ 23,271 पर कारोबार की शुरुआत की.

बाजार खुलने के कुछ ही मिनटों के भीतर खरीदारी और तेज हो गई. सुबह 9 बजकर 30 मिनट पर सेंसेक्स करीब 900 अंक यानी 1.19 फीसदी उछलकर 75,349.07 के स्तर पर पहुंच गया. इस दौरान ऑटो और पीएसयू बैंक के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी देखने को मिली. इससे पहले अक्टूबर महीने में भी भारतीय बाजार ने दो महीनों से जारी गिरावट के सिलसिले को तोड़ा था. अक्टूबर में निफ्टी 1.9 फीसदी और सेंसेक्स 2.7 फीसदी चढ़ा था, जिसके पीछे आईटी शेयरों की मजबूती, कंपनियों के अच्छे नतीजे और कैपिटल गेन टैक्स में राहत मिलने की उम्मीदें मुख्य वजह रहीं.
रिलायंस के मुनाफे से बाजार को मिला बूस्ट
सोमवार की इस तेजी में देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज ने सबसे अहम भूमिका निभाई. सितंबर तिमाही में रिलायंस ने उम्मीद से कहीं बेहतर नतीजे पेश किए हैं. कंपनी के तिमाही शुद्ध मुनाफे में 40.6 फीसदी का बड़ा उछाल आया है. कंपनी के एनर्जी बिजनेस के साथसाथ डिजिटल सर्विस देने वाली कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स के शानदार प्रदर्शन से ये मुनाफा बढ़ा है. जियो प्लेटफॉर्म्स ने पिछले हफ्ते ही शेयर बाजार में धमाकेदार एंट्री की थी, जिसके बाद ये मार्केट कैप के लिहाज से देश की दूसरी सबसे बड़ी कंपनी बन गई. जियो के तिमाही शुद्ध मुनाफे में भी 13.7 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की गई है. इन नतीजों के असर से सेंसेक्स में रिलायंस का शेयर सबसे ज्यादा 4.59 फीसदी चढ़कर 1,217 रुपये पर पहुंच गया.
दिग्गज शेयरों का हाल
रिलायंस के अलावा दूसरे बड़े शेयरों में भी अच्छी हलचल रही. टाटा स्टील के साथ एनटीपीसी के शेयरों में 3 फीसदी से ज्यादा की तेजी दर्ज की गई. हालांकि, बाजार की इस बंपर तेजी के बीच कुछ बड़े शेयरों ने निवेशकों को निराश भी किया. सन फार्मा, इंफोसिस और टेक महिंद्रा के शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान गिरावट देखने को मिली.
कच्चे तेल में नरमी से सुधरा माहौल
घरेलू बाजार में आई इस रौनक के पीछे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हो रहा एक बड़ा बदलाव भी है. अमेरिकाइजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध को खत्म करने के लिए ईरानी अधिकारियों और कतर के मध्यस्थों के बीच लगातार तीसरे दिन बातचीत हुई. शांति समझौते की उम्मीद जगने से कच्चे तेल के दाम अचानक नीचे आ गए हैं. शुक्रवार को जो ब्रेंट क्रूड 6 महीने के उच्चतम स्तर यानी 118 डॉलर प्रति बैरल पर था, वो सोमवार को गिरकर 111 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया. स्टॉक ब्रोकिंग प्लेटफॉर्म एनरिच मनी के सीईओ पोनमुडी आर के मुताबिक, ईरान और कतर के बीच हो रही इस बातचीत से तेल सप्लाई की चिंताएं कम होने की उम्मीद जगी है. इससे ग्लोबल एनर्जी मार्केट का नजरिया सुधरा है.
विदेशी निवेशकों की भारतीय बाजार में वापसी
शेयर बाजार को एक बड़ा सहारा विदेशी निवेशकों की तरफ से भी मिला है. साल 2026 में अब तक भारी बिकवाली करने वाले विदेशी निवेशक अब धीरेधीरे भारतीय बाजार में वापस लौट रहे हैं. प्रोविजनल आंकड़ों के अनुसार, विदेशी निवेशकों ने शुक्रवार को 36 अरब रुपये के भारतीय शेयर खरीदे हैं. पिछले 10 कारोबारी दिनों में ये छठा मौका है जब विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाजार में जमकर खरीदारी की है. ये आंकड़े साफ संकेत दे रहे हैं कि विदेशी निवेशकों का भरोसा एक बार फिर भारतीय बाजार पर बढ़ रहा है.



