कल यानी 26 सितंबर 2026, शनिवार को भाद्रपद मास की पूर्णिमा मनाई जाएगी। सितंबर महीने की पूर्णिमा कई मायनों में सबसे खास मानी जा रही है, क्योंकि इसी के साथ ही पितृपक्ष की शुरुआत मानी जाएगी। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस अवधि में गुरु कर्क राशि में उच्च स्थिति में रहने वाले हैं, बल्कि शुक्र तुला राशि में अपनी ही राशि में विराजमान हैं।

इतना ही नहीं, 26 सितंबर को ग्रहों के राजकुमार बुध कन्या राशि से निकलकर तुला में प्रवेश करेंगे। इन ग्रहों का प्रभाव सभी राशियों पर देखने को मिलेगा। आइए आपको बताते हैं कौन हैं, वो लकी राशियां जिन्हें काफी फायदा होने वाला है।
मेष राशि
इस दौरान मेष राशि के जातक को कार्यक्षेत्र में आगे बढ़ने का समय है। नौकरी करने वाले लोगों को नई जिम्मेदारी मिल सकती है। रुके हुए कार्य जल्दी बनने लगेंगे। अगर आप आर्थिक मामलों में प्लान करके बढ़ेंगे तो आपको लाभ मिल सकता है।
मिथुन राशि
मिथुन राशि के जातक पूर्णिमा के आसपास किसी संपर्क और संवाद से संबंधित मामलों में लाभ के संकेत प्राप्त हो सकते हैं। बिजनेस करने वाले नए लोगों से जुड़ने या काम का विस्तार करने का अवसर मिल सकता है। नौकरीपेशा लोगों के लिए बातचीत और समझदारी से अपनी बात रखने का समय रहेगा।
कर्क राशि
इस बीच कर्क राशि के लिए गुरु का अपनी उच्च राशि में होने ज्योतिष के नजरिए से काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। कर्क राशि के जातकों का आत्मविश्वास बढ़ सकता है और करियर से संबंधित फैसलों में कोई स्पष्टता मिल सकती है। कामकाज में सम्मान मिलने के साथ कोई नया अवसर प्राप्त होने का समय है। धन के मामले में काफी सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे।
तुला राशि
शुक्र तुला राशि के स्वामी है और सितंबर में शुक्र देव तुला राशि में स्थित हैं। वहीं, 26 सितंबर को बुध का तुला में प्रवेश होगा। इसलिए तुला राशि के जातकों को बातचीत, व्यापार, रचनात्मक कार्य और साझेदारी से जुड़े मामलों में नए रास्ते खुलेंगे। अगर आप काफी समय से नौकरी बदलने के सोच रहे हैं, तो नौकरी मिल जाएगी। इसके साथ ही कोई नई जिम्मेदारी भी आपको मिल सकती है।
मीन राशि
भाद्रपद पूर्णिमा के दिन चंद्रमा मीन राशि में रहेगा और शनि भी इसी राशि में वक्री अवस्था में है। इस अवधि में मीन राशि के लोगों को पुराने कार्यों की समीक्षा करने और भविष्य की योजनाओं को व्यवस्थित करने का मौका प्राप्त होगा। मेहनत करने के बाद करियर में स्थिरता और आर्थिक मामलों में सुधार होगा।



