Mohsin Naqvi : महिला एशिया कप 2026 जीतने के बाद भारतीय महिला क्रिकेट टीम एक बार फिर सुर्खियों में है। श्रीलंका को फाइनल में हराकर खिताब अपने नाम करने वाली हरमनप्रीत कौर की टीम ने एशियन क्रिकेट काउंसिल के अध्यक्ष मोहसिन नकवी से ट्रॉफी लेने से इनकार कर दिया। अब इस फैसले पर टीम इंडिया की ओर से पहला बड़ा रिएक्शन सामने आया है।

अमोल मजूमदार ने साफ किया टीम का स्टैंड
भारतीय महिला टीम के हेड कोच अमोल मजूमदार ने ट्रॉफी विवाद पर टीम का रुख साफ किया। उन्होंने कहा कि यह भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड का फैसला था और टीम पूरी तरह बोर्ड के साथ खड़ी है। अमोल मजूमदार ने संकेत दिया कि टीम का पूरा ध्यान मैदान पर प्रदर्शन और एशिया कप जीतने पर था। उनके लिए खिलाड़ियों ने जिस मेहनत के साथ टूर्नामेंट खेला और खिताब हासिल किया, वही सबसे महत्वपूर्ण बात है।
Mohsin Naqvi से ट्रॉफी क्यों नहीं ली?
दरअसल, मोहसिन नकवी एसीसी अध्यक्ष होने के साथ पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन और पाकिस्तान के गृह मंत्री भी हैं। भारतपाकिस्तान के बीच तनावपूर्ण माहौल के बीच भारतीय टीम ने उनसे एशिया कप ट्रॉफी लेने से दूरी बनाई।
फाइनल में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने श्रीलंका को 72 रन से हराया और आठवीं बार महिला एशिया कप का खिताब अपने नाम किया। मैच के बाद ट्रॉफी प्रेजेंटेशन के दौरान भारतीय खिलाड़ी मंच पर नहीं पहुंचीं। इसके बाद इस फैसले ने क्रिकेट जगत में काफी चर्चा बटोरी।
खिताब जीतना ही टीम के लिए सबसे बड़ी खुशी
भारतीय टीम के लिए महिला एशिया कप 2026 बेहद खास रहा। बल्लेबाजी और गेंदबाजी के साथ टीम ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया और फाइनल में भी श्रीलंका को एकतरफा अंदाज में मात दी। मोहसिन नकवी से ट्रॉफी नहीं लेने के फैसले के बावजूद खिलाड़ियों के जश्न में कोई कमी नहीं दिखी। टीम ने अपनी जीत का जश्न अलग अंदाज में मनाया। अब अमोल मजूमदार की टीम की नजरें आने वाली चुनौतियों पर हैं।
इस पूरे विवाद के बीच भारतीय महिला क्रिकेट टीम का संदेश साफ है—एशिया कप जीतना टीम की प्राथमिकता थी और वह इस उपलब्धि को लेकर पूरी तरह संतुष्ट है। ट्रॉफी प्रेजेंटेशन को लेकर लिया गया फैसला BCCI का स्टैंड था, जिस पर टीम ने अपना समर्थन जताया है।



