
टीएमसी की राज्यसभा सांसद सुष्मिता देव के इस्तीफे के बाद उनका राजनीतिक सफर फिर चर्चा में है. जानिए कौन हैं सुष्मिता देव, कांग्रेस छोड़कर टीएमसी में कैसे पहुंचीं, ममता बनर्जी की करीबी कैसे बनीं और असम सीएम हिमंता बिस्वा सरमा से मुलाकात के बाद बीजेपी में शामिल होने की अटकलें क्यों तेज हो गई हैं.
पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद से राजनीतिक गलियारों में हलचल काफी तेज है. TMC की करारी हार के बाद अब पार्टी की अंदरूनी कलह खुलकर सामने आई है और इसी बीच ममता बनर्जी के कई नेता बागी हो गए तो कई ने इस्तीफा सौंपना दे दिया है. इसी कड़ी में आज यानी 10 जून को ममता बनर्जी की करीबी और राज्यसभा सांसद सुष्मिता देव ने इस्तीफा सौंप दिया है, जिसके बाद सियासी गलियारों में नई चर्चा तेज हो गई है. इससे पहले 8 जून को राज्यसभा सांसद सुखेंदु शेखर राय ने इस्तीफा दिया था.
इस इस्तीफे की चर्चा को हवा तब लगी, जब सुष्मिता देव का असम सीएम हिमंता बिस्वा सरमा के साथ एक तस्वीर सामने आई. इस तस्वीर ने सियासी पारा हाई कर दिया और कहा जाने लगा कि अब सुष्मिता असम की राजनीति में एक्टिव होगी. सुष्मिता देव लंबे समय में राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय रही है और TMC के ऐसे वक्त में उनके इस्तीफे ने नई अटकलों को जन्म दिया है. आइए विस्तार से जानते हैं कौन हैं सुष्मिता देव और उनके दिलचस्प सियासी सफर की पूरी कहानी.
पहले इस्तीफा, फिर असम सीएम से मुलाकात
TMC राज्यसभा सांसद सुष्मिता देव ने राज्यसभा सभापति सीपी राधाकृष्णन को पत्र लिखकर अपना इस्तीफा भेजा है. बताया जा रहा है कि उन्होंने अपने पत्र में साफ लिखा है कि उनका इस्तीफा तुरंत स्वीकार कर लिया जाए. वहीं इस्तीफे के कुछ देर बाद ही उनकी एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल होने लगी, जिसमें वह असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के साथ दिखाई दे रही है. बताया जा रहा है कि इस्तीफे के तुरंत बाद ही वह असम सीएम से मिलने उनके दिल्ली आवास पर पहुंची थी. इस तस्वीर के सामने आने के बाद से सुष्मिता के बीजेपी जॉइन करने और असम में एक्टिव होने की चर्चा तेज हो गई है.



