पंजाब के मानसा में मंगलवार को हुए परविंदर सिंह झोटा हत्याकांड की एफआईआर सामने आई है. परविंदर सिंह के पिता भीम सिंह ने पुलिस में तहरीर दी है. बताया कि उनके बेटे की हत्या ड्रग्स सिंडीकेट ने कराई है. उन्होंने अपनी तहरीर में बताया कि पंजाब में नशे की तस्करी से उनका बेटा दुखी था. वह लगातार इसके खिलाफ आवाज उठा रहा था. इसकी वजह से वह इलाके के ड्रग्स माफिया और उन्हें संरक्षण देने वाले अधिकारियों और नेताओं की आंखों में खटकने लगा था.

पिता भीम सिंह ने बताया कि उनके बेटे की आरोपियों के साथ रंजिश चल रही थी. उन्होंने बताया कि 13 अक्टूबर 2026 की सुबह करीब साढ़े बजे आरोपियों ने उसे घेरकर हत्या कर दी. वारदात के वक्त उनका बेटा जिला कचहरी मानसा में अपने वकील से मिलकर वापस लौट रहा था. उन्होंने पुलिस को दिए तहरीर में बताया कि हमलावर आरोपी अश्वनी के मेडिकल हॉल में छिपकर बैठे थे.
पिता के सामने आरोपियों ने मारी गोली
पिता भीम सिंह ने बताया कि उनके सामने ही आरोपियों ने बेटे को गोली मारी है. उन्होंने बताया कि मुख्य आरोपी अश्वनी कुमार के हाथ में पिस्तौल थी. उसके साथ कुछ अन्य हथियारबंद लोग थे.इस दौरान एक व्यक्ति ने बीचबचाव करने की कोशिश की, लेकिन आरोपियों की गोली से वह भी जख्मी हो गया. आनन फानन में उनके बेटे को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
जांच में जुटी पुलिस
थाना सिटी 2 मानसा के असिस्टेंट सबइंस्पेक्टर हरजिंदर सिंह के मुताबिक भीम सिंह के बयान और तहरीर के आधार पर मुख्य आरोपी अश्वनी कुमार समेत अज्ञात लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है. पुलिस सभी आराोपियों की तलाश कर रही है. उधर, मृतक के पिता ने बताया कि इस वारदात के पीछे कई बड़े राजनीतिक चेहरे, पुलिसकर्मी और ड्रग माफिया शामिल हैं. उन्होंने पुलिस से सभी के चेहरे उजागर करने की मांग की है.



