
असम के जोरहाट से चोरी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां पुलिस ने जिस चोरी की जांच शुरू की, उसमें शक किसी बाहरी चोर पर नहीं बल्कि परिवार के ही सदस्य पर गया। आरोप है कि एक युवक ने अपने ही घर से करीब 50 लाख रुपये की नकदी और सोने के गहने चोरी कर लिए।
पुलिस के मुताबिक, चोरी की रकम का एक हिस्सा युवक ने अपनी गर्लफ्रेंड/महिला मित्र पर खर्च किया। आरोप है कि उसने महंगे सामान खरीदने के साथ करीब 1.5 लाख रुपये का iPhone भी गिफ्ट किया। मामला सामने आने के बाद परिवार के साथ-साथ पुलिस भी हैरान रह गई।
माता-पिता के बाहर जाते ही गायब हुए कैश और गहने
पुलिस के अनुसार, जोरहाट निवासी यश धनुका के माता-पिता किसी काम से घर से बाहर गए हुए थे। इसी दौरान घर के लॉकर में रखी नकदी और सोने के गहने गायब हो गए।
जब माता-पिता वापस लौटे तो उन्हें चोरी का पता चला। इसके बाद यश के पिता ने 24 अगस्त को जोरहाट पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। मामले में यश धनुका के साथ जितेंद्र सोमानी, रोहित प्रसाद और पबाली दत्ता के नाम भी FIR में शामिल किए गए।
पुलिस को घर के किसी जानकार पर हुआ शक
जांच के दौरान पुलिस को लगा कि यह सामान्य चोरी का मामला नहीं है। घर में नकदी और गहने कहां रखे हैं, इसकी जानकारी किसी करीबी या परिवार के सदस्य को ही हो सकती थी।
इसी आधार पर पुलिस ने जांच का दायरा आगे बढ़ाया। पूछताछ के दौरान यश ने कथित तौर पर बताया कि उसने अपने दोस्तों जितेंद्र सोमानी और रोहित प्रसाद के साथ मिलकर चोरी की योजना बनाई थी।
आरोप है कि दोस्तों ने उसे चोरी के लिए उकसाया और योजना बनाने में मदद की। यश ने कथित तौर पर यह भी बताया कि लॉकर या सामान तक पहुंचने के लिए लॉकस्मिथ की मदद ली गई थी।
चोरी के पैसों से महिला मित्र पर खर्च करने का आरोप
पूछताछ में सामने आई जानकारी के मुताबिक, चोरी की रकम का एक हिस्सा यश ने अपनी महिला मित्र पबाली दत्ता पर खर्च किया। आरोप है कि करीब 5 लाख रुपये उस पर खर्च किए गए।
बताया जा रहा है कि यश ने पबाली को लगभग 1.5 लाख रुपये कीमत का iPhone भी गिफ्ट किया। इसके अलावा उसे नकद पैसे देने की बात भी सामने आई है।
हालांकि पुलिस अभी यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी की बाकी रकम कहां गई और सोने के गहने किसके पास पहुंचे।
पूछताछ में युवक ने जताया अफसोस
मीडिया से बातचीत में यश ने कथित तौर पर अपनी गलती पर अफसोस जताया। उसने अपने दोस्त जितेंद्र सोमानी पर बहकाने का आरोप लगाया।
यश का दावा है कि सोमानी और रोहित प्रसाद चोरी की योजना में शामिल थे और बाद में चोरी किए गए गहनों को ठिकाने लगाने में भी उनकी भूमिका रही।
अहमदाबाद कनेक्शन की भी हो रही जांच
इस मामले में अहमदाबाद का नाम भी सामने आया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 4 अगस्त को जितेंद्र सोमानी के अहमदाबाद जाने की बात सामने आई है, जबकि यश के असम में ही रहने की जानकारी है।
पुलिस ने यश को हिरासत में लेकर अदालत में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। अब पुलिस चोरी की पूरी कड़ी जोड़ने के साथ-साथ सभी आरोपियों की भूमिका और गायब नकदी व गहनों का पता लगाने में जुटी है।
डिस्क्लेमर: इस खबर में बताए गए आरोप पुलिस जांच और उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं। मामले में अंतिम सत्य अदालत की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।



