
चंबा: हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले के सलूणी उपमंडल में जून 2023 में सामने आया मनोहर हत्याकांड लंबे समय तक चर्चा में रहा। 21 वर्षीय मनोहर लाल के अचानक लापता होने के तीन दिन बाद उसका क्षत-विक्षत शव एक नाले में बोरियों के अंदर बरामद हुआ था।
पुलिस जांच में मामला एक युवती के साथ मनोहर के कथित प्रेम संबंध से जुड़ा सामने आया। जांच के दौरान कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और मामले ने स्थानीय स्तर पर तनाव का रूप ले लिया था।
6 जून को अचानक लापता हुआ था मनोहर
मनोहर लाल 6 जून 2023 को घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। परिवार ने उसकी तलाश शुरू की। आसपास के इलाकों में खोजबीन के बावजूद उसका कोई पता नहीं चला।
बताया गया कि उसके मवेशी भी कई दिनों तक एक ही इलाके के आसपास दिखाई देते रहे। इससे परिवार को किसी अनहोनी की आशंका हुई और तलाश तेज की गई।
तीन दिन बाद 9 जून को एक पहाड़ी नाले के पास से दुर्गंध आने की सूचना मिली। तलाश के दौरान पत्थरों के नीचे रखी बोरियों से मनोहर का शव बरामद हुआ।
शव को बोरियों में छिपाने का आरोप
जांच में सामने आया कि मनोहर की हत्या के बाद शव को कई हिस्सों में काटकर बोरियों में रखा गया था। इन्हें नाले में पत्थरों के नीचे छिपाने की कोशिश की गई थी।
पुलिस और फोरेंसिक जांच में शरीर पर गंभीर चोटों के निशान मिलने की बात सामने आई। इस वीभत्स घटना की खबर फैलते ही पूरे इलाके में आक्रोश का माहौल बन गया।
प्रेम प्रसंग से जुड़ा था हत्या का मामला
पुलिस की जांच में मनोहर के एक युवती के साथ कथित प्रेम संबंध का पहलू सामने आया। बताया गया कि युवती के परिवार को यह रिश्ता पसंद नहीं था।
जांच एजेंसियों के मुताबिक, इसी विवाद के चलते मनोहर को कथित तौर पर साजिश के तहत बुलाया गया और उसकी हत्या कर दी गई। मामले में युवती के परिवार से जुड़े कई लोगों की भूमिका की जांच की गई।
कई आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत एक ही परिवार से जुड़े कई लोगों को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने मामले में करीब 10-11 लोगों की गिरफ्तारी की जानकारी दी थी।
जांच में हत्या की वजह और इसमें शामिल लोगों की भूमिका को लेकर पुलिस ने अलग-अलग साक्ष्यों को जुटाया। मामले की जांच के लिए विशेष जांच टीम यानी SIT भी गठित की गई थी।
हत्या के बाद भड़का था भारी आक्रोश
मनोहर की हत्या की खबर सामने आने के बाद सलूणी और आसपास के इलाकों में लोगों का गुस्सा बढ़ गया। बड़ी संख्या में लोग विरोध प्रदर्शन के लिए सड़कों पर उतर आए।
15 जून 2023 को प्रदर्शन के दौरान स्थिति तनावपूर्ण हो गई और आरोपियों के घरों में आगजनी की घटनाएं हुईं। कानून-व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन को प्रतिबंधात्मक कदम उठाने पड़े।
मामले को लेकर विभिन्न संगठनों और राजनीतिक नेताओं की ओर से भी अलग-अलग मांगें उठाई गई थीं। कुछ संगठनों ने मामले की केंद्रीय एजेंसियों से जांच कराने की मांग की थी।
जांच और कानूनी कार्रवाई बनी चर्चा का केंद्र
मनोहर हत्याकांड में हत्या की वजह, आरोपियों की भूमिका और कथित प्रेम संबंध को लेकर जांच आगे बढ़ी। घटना के बाद इलाके में लंबे समय तक तनाव और राजनीतिक बयानबाजी भी देखने को मिली।
यह मामला इसलिए भी सुर्खियों में रहा क्योंकि एक युवक के लापता होने के तीन दिन बाद उसका शव बेहद गंभीर स्थिति में बरामद हुआ था और इसके बाद स्थानीय स्तर पर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए थे।



