Satya Report: बार-बार गैस पास होना आम बात है और ये पाचन प्रक्रिया का हिस्सा है। दिन में 20–30 बार गैस पास होना सामान्य माना जाता है। लेकिन ज्यादा होने पर डाइट या कुछ बीमारियां कारण हो सकती हैं। लंबे समय तक समस्या रहे तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।

हमारे आजकल के लाइफस्टाइल में पेट से जुड़ी समस्याएं आम हैं। इन्हीं में से एक ही बार-बार गैस पास करना। ये समस्या आमतौर पर हर उम्र के लोगों के साथ देखने को मिल जाती है। कुछ लोग दिनभर में कई-कई बार गैस पास करते हैं, जो शुरुआत में उतनी गंभीर समस्या नहीं लगती। लेकिन जैसे-जैसे ये बढ़ती जाती है, तो डाउट होने लगता है कि कहीं पेट में कोई गड़बड़ी तो नहीं? कहीं ये किसी छिपी बीमारी का तो संकेत नहीं है? अगर आपके साथ भी यही स्थिति बनी रहती है, तो चलिए आज डिटेल में जानते हैं कि इसपर हेल्थ एक्सपर्ट्स की क्या राय है। ये नॉर्मल है या वाकई डरने वाली बात है।
सबसे पहले ये समझना जरूरी है कि आखिर ये गैस बनती क्यों है। डॉक्टर्स की मानें तो हम जब भी कुछ खाते पीते हैं, तो उसका पाचन होता है और इसी दौरान गैस बनती है। यानी गैस एक प्रकार से डाइजेशन का बायप्रोडक्ट है, जो बिल्कुल नॉर्मल है। गैस या तो फार्ट के रूप में बाहर निकलती है या फिर डकार के रूप में। ऐसे में एक नॉर्मल व्यक्ति का दिन में 20-30 बार गैस पास होना बिल्कुल सामान्य है और इसमें कोई भी घबराने वाली बात नहीं है।
ज्यादा गैस बनाने वाले फूड आइटम
कुछ ऐसे फूड आइटम होते हैं, जिन्हें खाने से नॉर्मली ज्यादा गैस बनती है। उदाहरण के लिए फूलगोभी, पत्तागोभी, प्याज, ब्रोकोली, लहसुन, आम, डेयरी प्रोडक्ट्स, गेहूं, चीनी से बने प्रोडक्ट्स, पैकेज्ड फूड, आइसक्रीम, नाशपाती आदि। ये फूड हमारा शरीर मुश्किल से पचा पाता है, लेकिन बैक्टीरिया इनसे गैस जरूर बना लेता है।
हो सकती हैं ये बीमारियां
अगर नॉर्मल से ज्यादा गैस पास हो रही है, तो कुछ बीमारियां भी इसकी वजह हो सकती हैं। इनमें सबसे पहला है सीलिएक डिजीज (Celiac Disease), जिसमें आंतें ग्लूटेन नहीं पचा पाती हैं, जिससे ज्यादा गैस बनती है। इसके अलावा गर्ड (GERD) गैस्ट्रोइसोफेजियल रिफ्लक्स डिजीज भी एक वजह हो सकता है। इसमें पेट का एसिड भोजन की नली में आने लगता है, जिससे गैस डकार के रूप में बाहर आती है।
जिन लोगों को लैक्टोज इनटॉलरेंस है, उन्हें भी ज्यादा गैस पास होने की समस्या हो सकती है। इसमें डेयरी प्रोडक्ट्स को पचाना मुश्किल होता है, जिससे गैस काफी बनती है। इसके साथ ही IBS (Irritable Bowel Syndrome), खाने का पेट में ज्यादा देर पड़े रहना (Gastroparesis), छोटी आंत में बैक्टीरिया ग्रोथ होना या इन्फ्लेमेटरी बॉवेल डिजीज जैसी बीमारियां जिम्मेदार हो सकती हैं। गंभीर मामलों में कोलन कैंसर भी एक वजह हो सकता है।
कैसे करें कंट्रोल और कब लें डॉक्टर की सलाह
दिन में 20 से 30 बार फार्ट आना नॉर्मल है, लेकिन अगर इससे ज्यादा गैस पास हो रही है तो आपको अपनी डाइट पर ध्यान देना चाहिए। साथ में थोड़ी वॉक या हल्की एक्सरसाइज करना भी मदद करता है। हालांकि अगर लंबे समय तक ये समस्या बनी हुई है और पेट से जुड़े अन्य लक्षण भी दिख रहे हैं, तो एक बार डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
नोट: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। इसे किसी भी तरह से पेशेवर मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें। किसी भी स्वास्थ्य समस्या या मेडिकल कंडीशन से जुड़े सवालों के लिए हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें



