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​​​​​ट्रेन में हुई मुलाकात के​​​​​ बाद किशोरी को मिला शादी का भरोसा, फिर मामला पहुंचा पुलिस अधिकारियों तक​​​​

​​​​​ट्रेन में हुई मुलाकात के​​​​​ बाद किशोरी को मिला शादी का भरोसा, फिर मामला पहुंचा पुलिस अधिकारियों तक​​​​

गाजीपुर: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में एक पुलिस कांस्टेबल पर 17 वर्षीय किशोरी का शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने और बाद में ब्लैकमेल करने के गंभीर आरोप लगे हैं। पीड़िता के मुताबिक, आरोपी से उसकी पहचान ट्रेन में हुई थी। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और धीरे-धीरे संपर्क बढ़ता गया। मामले में किशोरी ने आरोपी पर धमकाने और बयान बदलने का दबाव बनाने के भी आरोप लगाए हैं।

ट्रेन में हुई थी पहली मुलाकात

शिकायत के अनुसार, करीब छह महीने पहले किशोरी हावड़ा-अमृतसर एक्सप्रेस से लखनऊ से लौट रही थी। इसी दौरान उसकी मुलाकात गहमर थाने में तैनात कांस्टेबल मोहित यादव से हुई। किशोरी का कहना है कि बातचीत के दौरान सिपाही ने खुद को पुलिसकर्मी बताया और अपना मोबाइल नंबर देकर संपर्क बनाए रखा।

इसके बाद दोनों के बीच बातचीत होने लगी और मुलाकातों का सिलसिला भी शुरू हो गया। पीड़िता का आरोप है कि इसी दौरान आरोपी ने उससे शादी करने का भरोसा दिया और कई महीनों तक उसका यौन शोषण किया।

निजी तस्वीरों के जरिए ब्लैकमेल करने का आरोप

किशोरी ने आरोप लगाया कि आरोपी ने इस दौरान उसकी निजी तस्वीरें और अन्य आपत्तिजनक सामग्री तैयार कर ली थी। बाद में कथित तौर पर इन्हीं के आधार पर उसे ब्लैकमेल किया जाने लगा। पीड़िता के मुताबिक, आरोपी उस पर अपने दोस्तों से मिलने के लिए भी दबाव डालने लगा।

जब किशोरी को लगा कि उसके साथ धोखा हो रहा है, तो उसने अपनी बुआ को पूरी बात बताई। इसी बीच उसे आरोपी की शादी तय होने की जानकारी मिली, जिसके बाद विवाद और बढ़ गया।

बयान बदलने के लिए दबाव डालने का आरोप

पीड़िता के अनुसार, जब उसने आरोपी से शादी का वादा पूरा करने की बात कही, तो मामला पुलिस अधिकारियों तक पहुंच गया। किशोरी ने आरोप लगाया कि जांच शुरू होने के बाद उसे और उसके पिता को धमकाया गया तथा बयान बदलने के लिए दबाव बनाया गया।

शिकायत के मुताबिक, शुरुआत में आरोपी ने किशोरी को पहचानने से इनकार किया था, लेकिन बाद में उसने दोनों के बीच परिचय और बातचीत होने की बात स्वीकार की।

जांच के बाद आगे की कार्रवाई

मामले में एक पुलिस कांस्टेबल पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। चूंकि शिकायत में पीड़िता की उम्र 17 वर्ष बताई गई है, इसलिए मामले में नाबालिगों की सुरक्षा से जुड़े कानूनी प्रावधान भी महत्वपूर्ण होंगे। फिलहाल उपलब्ध जानकारी में जांच के अंतिम नतीजे या आगे की कार्रवाई का विस्तृत विवरण सामने नहीं आया है।

सत्य रिपोर्ट डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध जानकारी और पीड़िता की शिकायत में लगाए गए आरोपों पर आधारित है। आरोपों की अंतिम पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।

contact.satyareport@gmail.com

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