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कचरा नहीं…गार्डनिंग का खजाना है नारियल का छिलका! प्लांट लगाने के लिए ऐसे करें इस्तेमाल

नारियल पानी का शेल्फ कचरा नहीं बल्कि बहुत काम आ सकता है. जी हां, अगर आपको गार्निडिंग का शौक है तो नारियल पानी का शेल्फ इस्तेमाल कर सकते हैं. दरअसल, पर्यावरण संरक्षण और वेस्ट मैनेजमेंट को बढ़ावा देने के लिए अब लोग पुराने और बेकार समझे जाने वाले सामानों का रीयूज कर रहे हैं. इसी कड़ी में कोकोनट शेल को प्लांट पॉट के रूप में इस्तेमाल करने का ट्रेंड भी तेजी से पॉपुलर हो रहा है.

कचरा नहीं…गार्डनिंग का खजाना है नारियल का छिलका! प्लांट लगाने के लिए ऐसे करें इस्तेमाल
कचरा नहीं…गार्डनिंग का खजाना है नारियल का छिलका! प्लांट लगाने के लिए ऐसे करें इस्तेमाल

नारियल का छिलका न केवल बायोडिग्रेडेबल होता है, बल्कि छोटे पौधों और सजावटी प्लांट्स को उगाने के लिए भी एक बेहतरीन ऑप्शन भी माना जाता है. इससे घर का कचरा कम होता है और गार्डन को एक प्राकृतिक व आकर्षक लुक भी मिलता है. अगर आप भी सस्टेनेबल गार्डनिंग अपनाना चाहते हैं, तो जानिए नारियल के छिलके में पौधे लगाने का आसान तरीका और इसके फायदे.

नारियल के शेल्फ में प्लांट कैसे लगाएं

नारियल का शेल्फ एक नेचुरल प्लांटर की तरह काम कर सकता है. ये दिखने में तो अच्छा लगता ही है. साथ ही इको फ्रेंडली भी है. नारियल शेल्फ में पौधा लगाना भी काफी आसान है. इसके लिए आपको बस एक नारियल के शेल्फ में सबसे पहले होल कर देना है ताकि मिट्टी का एक्स्ट्रा पानी अच्छे से निकल सके. अब इसमें छोटेछोटे कंकड़ या बाजरी की पतली परत लगा दें. इसके बाद इसमें पॉटिंग मिक्स भरें. अब जिस भी पौधे को लगा रहे हैं उसके बीच या जड़ को इसमें लगा दें. आप इसे गार्डन, बालकनी या फिर किचन और टेबल पर भी रख सकते हैं.

नारियल के शेल्फ की ताकत और पोषक गुण

नारियल का शेल्फ बेहद मजबूत और टिकाऊ होता है. इसकी कठोर बाहरी संरचना इसे लंबे समय तक सुरक्षित बनाए रखती है, जिससे यह प्राकृतिक गमले के रूप में अच्छी तरह काम करता है. हालांकि शेल्फ खुद पौधों को सीधे पोषक तत्व नहीं देता, लेकिन इसमें मौजूद प्राकृतिक रेशे और जैविक गुण मिट्टी के लिए अनुकूल वातावरण बनाने में मदद कर सकते हैं.

नारियल के शेल्फ में प्लांट लगाने के फायदे

नारियल के शेल्फ का उपयोग करने से किचन वेस्ट का रीयूज होता है और प्लास्टिक के गमलों की आवश्यकता कम हो जाती है. यह पूरी तरह प्राकृतिक और इकोफ्रेंडली ऑप्श है. इससे कचरा भी कम होता है और पैसों की भी बचत होती है. हालांकि, आपको इसमें लगे पौधे की देखभाल का खास ध्यान रखने की जरूरत है. क्योंकि आकार छोटा होने की वजह से मिट्टी जल्दी सूख सकती है. इसलिए समयसमय पर पानी दें. अच्छी धूप वाली जगह पर रखें और नारियल शेल्फ का ड्रेनेज छेद बंद हो गया है इसे भी चेक करते रहें.

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