Satya Report: Cristiano Ronaldo Diet Plan: फुटबॉल की दुनिया के दिग्गज खिलाड़ी क्रिस्टियानो रोनाल्डो आज 41 वर्ष के हो चुके हैं, लेकिन उनकी मैदान पर फुर्ती और ऊर्जा आज भी किसी 25 साल के युवा एथलीट को मात देने के लिए काफी है। अपने 25वें प्रोफेशनल सीजन में भी वह जिस स्तर का खेल दिखा रहे हैं, वह किसी चमत्कार से कम नहीं है। उनकी इस गजब की फिटनेस और लचीलेपन के पीछे कोई जादुई औषधि नहीं, बल्कि उनकी बेहद अनुशासित दिनचर्या और सख्त डाइट का योगदान है।

दूध और चीनी से दूरी का कारण
रोनाल्डो की डाइट की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि उन्होंने दूध, चीनी और मैदे से बनी चीजों को पूरी तरह से अपनी जीवनशैली से बाहर कर दिया है। रोनाल्डो के पूर्व निजी शेफ जियोर्जियो बारोने ने हाल ही में उनके खानपान के रहस्यों पर से पर्दा उठाया है। बारोने का मानना है कि मनुष्य ही एकमात्र ऐसा जीव है जो अपने बचपन के बाद भी दूध का सेवन करता है, जो कि प्रकृति के नियमों के विपरीत है। उनका तर्क है कि 30, 40 या 50 साल की उम्र में दूध पीना स्वास्थ्य के लिए सही नहीं है। यही कारण है कि ने परफॉर्मेंस और हेल्थ को बेहतर बनाने के लिए इसे पूरी तरह त्याग दिया है।
कैसी है रोनाल्डो की ‘सुपर डाइट’?
रोनाल्डो की डाइट मुख्य रूप से प्रोटीन, ताजी सब्जियों और हेल्दी फैट्स पर केंद्रित रहती है। उनका आहार और जीवन शैली में अनुशासन का एक सटीक उदाहरण पेश करता है, जिसके जरिए वह खुद को फिट बनाए रखने में सफल रहे हैं। तो आइए जानते हैं कि कैसी रहती है उनकी पूरे दिन की डाइट……
रोनाल्डो का नाश्ता
उनके दिन की शुरुआत एवोकाडो, अंडे, फ्रेश फल और कॉफी के साथ होती है, जो उन्हें दिनभर के लिए जरूरी ऊर्जा प्रदान करते हैं।
रोनाल्डो का लंच
दोपहर के भोजन में वह मुख्य रूप से चिकन या मछली के साथ सलाद लेना पसंद करते हैं। वह अपने कार्ब्स की जरूरतों को सब्जियों के माध्यम से पूरा करते हैं।
रोनाल्डो का डिनर
रात के खाने में भी वह मछली या मीट को हरी सब्जियों के साथ खाना पसंद करते हैं। वह मैदे से बने पास्ता, ब्रेड या अन्य बेकरी आइटम्स का सेवन बिल्कुल नहीं करते हैं।
रिकवरी है फिटनेस की असली चाबी
केवल खाना ही नहीं, का रिकवरी रूटीन भी उनकी फिटनेस का एक अहम स्तंभ है। उनका शरीर 10 प्रतिशत से भी कम फैट लेवल पर रहता है, जो किसी भी एथलीट के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। वह अच्छी नींद को अपनी प्राथमिकता मानते हैं। इसके अलावा, रिकवरी के लिए वह ‘आइस बाथ’ का सहारा लेते हैं। यह तकनीक मांसपेशियों की सूजन को कम करने और रिकवरी को तेज करने में मदद करती है।
अनुशासन ही सफलता की कुंजी है
रोनाल्डो की दिनचर्या हमें सिखाती है कि यदि आप अपने लक्ष्यों के प्रति गंभीर हैं, तो जीवनशैली में छोटेछोटे बदलाव बड़े परिणाम ला सकते हैं। वह सब कुछ खाते हैं, लेकिन बहुत ही संतुलित मात्रा में और हमेशा हेल्दी विकल्पों को प्राथमिकता देते हैं। 41 की उम्र में भी मैदान पर उनकी यह निरंतरता यह साबित करती है कि यदि सही आहार और अनुशासित जीवनशैली का पालन किया जाए, तो उम्र सिर्फ एक संख्या बनकर रह जाती है। उनके प्रशंसक न केवल उनके खेल से, बल्कि उनके इस जीवन जीने के तरीके से भी प्रेरित होते हैं।



