झांसी का मामला, किसान ने पुलिस से क्या लगाई गुहार, आगे जानिए विस्तार से.
झांसी: ये कहानी है उस गरीब किसान की है जिसकी बेटी 13 साल पहले घर छोड़कर चली गई थी. गरीब पिता अपनी छोटी बेटी के साथ ही रहा था. इस बीच अचानक उस पिता की लाटरी लग गई. बीडा ने उसकी जमीन 32 लाख रुपए देकर अधिग्रहित कर ली. इसके बाद अचानक 13 साल पहले घर से गई बेटी लौट आई. किसान के घर में 32 लाख रुपए को लेकर तनाव शुरू हो गया. मजबूरी में किसान को पुलिस से मदद मांगनी पड़ी. चलिए आगे जानते हैं पूरा मामला.
क्या है पूरा मामला: यह पूरा मामला जानने के लिए आपको चलना पड़ेगा झांसी की रक्सा तहसील के बछौनी गांव में. यहां किसान बिरजा पाल रहते हैं. बिरजा ने पुलिस को हाल में ही एक तहरीर दी है. उस तहरीर के मुताबिक बिरजा पाल की शादी मुन्नी से हुई थी, जो अपने पहले पति शुगर सिंह की मृत्यु के बाद उनके पास आई थीं. मुन्नी की पहली शादी से एक बेटी सुमन पाल (37) है. बिरजा पाल और मुन्नी की भी दो बेटियां हैं उनके नाम रानी (30) और पूजा (19) हैं.
किसान की जमीन बिकते ही लौटी: 70 वर्षीय बिरजा पाल ने बताया कि हाल में ही उनकी ढाई एकड़ जमीन बीड़ा ने अधिग्रहित कर ली. इसके लिए उन्हें 32 लाख रुपए का मुआवजा मिला है. यह उनके लिए काफी बड़ी रकम है. बिरजा पाल के मुताबिक इसकी सूचना जैसे ही उनकी बड़ी बेटी सुमन पाल को लगी वह घर लौट आई. उनका आरोप है कि सुमन पाल घर लौटते ही पूरे 32 लाख रुपए की रकम मांग रही है. बिरजा पाल का कहना है कि उन्होंने यह पैसा अपनी छोटी बेटी पूजा की शादी के लिए रखा है.
छोटी बेटी ने भी लगाए आरोप: बिरजा पाल की छोटी बेटी पूजा का कहना है कि दीदी 13 साल बाद घर आ गईं है. पहले वह जमीन की पूरी रकम मांग रही थी. अब वह दस लाख रुपए का हिस्सा मांग रही है. इसी की शिकायत पुलिस से की है.
दोनों पक्ष पहुंचे थाने: इस विवाद को लेकर सुमन पाल ने थाने में शिकायत दर्ज कराई है. वहीं, बिरजा पाल ने भी अपनी परेशानी बताते हुए पुलिस से मदद मांगी है. बिरजा पाल वर्तमान में अपने दामाद और छोटी बेटी के साथ रहते हैं. वही इस मामले में हलका इंचार्ज उप निरीक्षक कामता प्रसाद शर्मा के अनुसार शिकायती पत्र मिला है जांच कर रहे हैं. आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जाएगी



