सलमान खान के करीबी बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद टाइगर श्रॉफ पर हमले को लेकर अनिल पंडित का नाम सुर्खियों में है. अनिल पंडित ने लॉरेंस बिश्नोई की ओर से इस हमले की जिम्मेदारी भी ली है. इसी के साथ उसने सलमान खान को अपना अगला टारगेट भी बता दिया है. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर ये अनिल पंडित है कौन? इसके साथ ही दूसरा सवाल यह है कि अमेरिका में बैठे इस कुख्यात शूटर का लॉरेंस बिश्नोई से क्या कनेक्शन है?

अब सवाल उठा है तो आइए, इस बदमाश की पूरी क्राइम कुंडली खंगालते हैं. हरियाणा के पानीपत स्थित एक छोटे से गांव रेरकलां का रहने वाला अनिल पंडित ब्राह्मण परिवार में पैदा हुआ, लेकिन बचपन से ही वह उदंड प्रवृति का था. बचपन से ही उसकी रूचि खेलकूद या पढ़ाई में नहीं, बल्कि दबंगई दिखाने में रही. उसे हथियार रखने का शौक बचपन से रहा.
लॉरेंस को आर्दश मानता है अनिल
आज से करीब 15 साल पहले जब अनिल महज 1617 साल का था, उसकी मुलाकात कुख्यात शूटर और लॉरेंस बिश्नोई के राइट हैंड संपत नेहरा से हुई. संपत ने ही अनिल को लॉरेंस से मिलवाया. इसके बाद अनिल लॉरेंस को अपना आदर्श मानने लगा और फिर गैंग से जुड़कर अंडरवर्ल्ड के लिए काम करने लगा था. संयोग से कुछ ही दिन बाद गुरुग्राम एसटीएफ ने हैदराबाद में एनकाउंटर के दौरान संपत को अरेस्ट कर लिया.
पकड़े जाने के डर से छोड़ा देश
संपत की गिरफ्तारी के बाद अनिल पंडित को भी पकड़े जाने का डर सताने लगा. ऐसे में वह मौका देखकर साल 2023 में फरार हो गया. पहले वह अपने खुद के पासपोर्ट से कनाडा पहुंचा, जहां लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप के रणदीप मलिक ने उसे शरण दी. लेकिन कुछ ही दिन बाद किसी नकली पासपोर्ट से वह थाईलैंड और फिर दुबई पहुंचा. करीब डेढ़ साल पहले वह वापस कनाडा आया और यहां से डंकी रूट से अमेरिका पहुंच गया. अब वह कैलिफोर्निया में बैठकर भारत के कई शहरों में लॉरेंस के गैंग को ऑपरेट करता है.
लंबी है क्राइम कुंडली
कैलिफोर्निया में बैठकर दहशत का नेटवर्क चल रहे इस बदमाश के खिलाफ पहला रंगदारी का मुकदमा हरियाणा के पानीपत में दर्ज हुआ था. इसके बाद गुरुग्राम, फरीदाबाद, कुरुक्षेत्र समेत हरियाणा के कई जिलों में रंगदारी, अपहरण और हथियारों की तस्करी के मुकदमे दर्ज हुए. फिर इसके खिलाफ दिल्ली, राजस्थान और महाराष्ट्र में भी इसने कई वारदातों को अंजाम दिया. बीते 67 सालों में इसने सौ से अधिक वारदातों को शूटर्स के जरिए अंजाम दिया है.
ये है अपराध का फंडा
हरियाणा एसटीएफ के मुताबिक यह बदमाश लॉरेंस के नाम पर कांट्रेक्ट लेता है. फिर अपने नेटवर्क के जरिए हरियाणा, यूपी और बिहार से नए लड़कों को हॉयर कर उन्हें आधुनिक हथियार और मोटी रकम उपलब्ध कराता है. इसके बाद ये लड़के वारदातों को अंजाम देते हैं. खासतौर पर यह नाबालिग लड़कों को हॉयर करता है, जिनका कोई क्राइम रिकॉर्ड नहीं होता.



