: ब्रिक्स शिखर सम्मेलन से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच भारत मंडपम में करीब 45 मिनट तक बैठक हुई। मोदीपुतिन मुलाकात में दोनों देशों के बीच व्यापार और रणनीतिक सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई। बैठक में 2030 तक भारतरूस व्यापार Russia को 100 अरब डॉलर तक पहुंचाने के लक्ष्य पर खास फोकस रहा। फिलहाल दोनों देशों के बीच सालाना व्यापार करीब 65 अरब डॉलर बताया जा रहा है।

व्यापार और निवेश बढ़ाने पर जोर
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान भारतरूस आर्थिक रिश्तों को आगे बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। बैठक में द्विपक्षीय व्यापार बढ़ाने के उपायों पर चर्चा हुई। भारत ने रूस में भारतीय निर्यातकों के लिए ज्यादा बाजार पहुंच की जरूरत बताई, ताकि बढ़ते व्यापार घाटे को कम किया जा सके। दोनों पक्षों ने 2030 तक 100 अरब डॉलर के व्यापार लक्ष्य को हासिल करने की रणनीति पर विचार किया।
यूक्रेन युद्ध और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा
मोदीपुतिन मुलाकात के दौरान यूक्रेन युद्ध की मौजूदा स्थिति और शांति प्रयासों पर भी चर्चा हुई। पुतिन ने प्रधानमंत्री मोदी को युद्ध की स्थिति और जारी शांति पहल की जानकारी दी। वहीं मोदी ने संघर्ष के समाधान के लिए बातचीत और कूटनीति के जरिए रास्ता निकालने की भारत की स्थिति दोहराई। पश्चिम एशिया और ब्लैक सी क्षेत्र के हालात समेत कई क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर भी दोनों नेताओं ने विचार साझा किए।
पुतिन का पश्चिमी देशों पर तंज
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के बिजनेस फोरम में पुतिन ने पश्चिमी देशों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि दुनिया की अर्थव्यवस्था में बड़े बदलाव हो रहे हैं और विकास के नए केंद्र सामने आ रहे हैं। पुतिन ने पश्चिमी देशों पर अपना पुराना नेतृत्व वापस पाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इसके लिए सुविधाओं और पाइपलाइनों को नुकसान पहुंचाने और जहाजों को जब्त करने जैसे कदम उठाए जा रहे हैं।
रक्षाऊर्जा सहयोग पर भी फोकस
भारतरूस संबंध मजबूत करने के साथ रक्षा और ऊर्जा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने रक्षा सहयोग को आगे बढ़ाने के तरीकों पर विचार किया।
पुतिन ने मोदी को 24वें भारतरूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए रूस आने का न्योता दिया, जिसे प्रधानमंत्री ने स्वीकार कर लिया। बैठक के बाद दोनों नेता एक ही कार से इंडस्ट्रियल एग्जीबिशन पहुंचे। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में मोदीपुतिन की यह मुलाकात दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी के लिहाज से अहम मानी जा रही है।
पुतिन को तिरुक्कुरल का रूसी अनुवाद गिफ्ट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की औपचारिक शुरुआत से पहले रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से मुलाकात की। इस दौरान पीएम मोदी ने उन्हें महान तमिल कृति तिरुक्कुरल का रूसी अनुवाद भेंट किया। मोदी ने कहा कि संत तिरुवल्लुवर की यह पुस्तक मानव जीवन के कई पहलुओं और मूल्यों को समझाती है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि तिरुक्कुरल का रूसी अनुवाद दोनों देशों के लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने और भारतरूस सांस्कृतिक संबंध को और मजबूत करने में मदद करेगा। तिरुक्कुरल तमिल साहित्य की प्राचीन और महत्वपूर्ण रचनाओं में शामिल है। इसमें 133 अध्यायों के तहत 1,330 दोहे हैं, जो जीवन, नैतिकता, सदाचार और सामाजिक मूल्यों से जुड़े संदेश देते हैं।



